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रूसा की खामियां दूर करने के लिए एचपीयू ने बनाई कमेटी, एक महीने में देगी रिपोर्ट

Thu, 01 Aug 2019 10:10 PM IST
Krishan Singh न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला Published by: Krishan Singh Updated Thu, 01 Aug 2019 10:10 PM IST
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hpu created committee to remove rusa drawbacks

एचपीयू में खेल एवं पाठ्येत्तर परिषद की बैठक के पहले ही दिन कॉलेज प्राचार्यों की उठाई समस्याओं पर कुलपति प्रो. सिकंदर कुमार ने पांच बड़े फैसले लिए हैं। यूजी में लागू रूसा को लेकर आ रही समस्याओं पर डीएस की अध्यक्षता में एक उच्च स्तरीय कमेटी का गठन करने का फैसला लिया गया।

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इसमें विवि के कुलसचिव, डीन प्लानिंग, और परीक्षा नियंत्रक  के साथ ही पांच कॉलजों के प्राचार्य सदस्य होंगे। एक माह के भीतर यह कमेटी समस्याओं का आकलन कर इसमें सुधार के लिए अपने सुझाव के साथ कुलपति को रिपोर्ट सौंपेगी।
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कुलपति ने कहा कि विद्यार्थियों की दिक्कतों विशेष रूप से रिजल्ट के बारे में संशय को दूर करने के लिए एचपीयू जल्द एक हेल्पलाइन शुरू करेगा, जिसका ईमेल और दूरभाष नंबर शीघ्र ही जारी करेगा।
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उत्तर पुस्तिकाओं की जांच में तेजी लाने को इसमें एफआर कोड लगाने की प्रक्रिया को और सरल बनाने के लिए निर्णय लिया गया। अब हर जिले से उत्तर पुस्तिकाएं विवि में पहुुंचाकर एफआर कोड लगाने के बजाय जिला मुख्यालय के किसी बड़े कॉलेज में एकत्र की जाएंगी।

वहीं एफआर कोड लगाकर सीधे मूल्यांकन केंद्र को भेजने की व्यवस्था की जाएगी। इससे उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन जल्द होगा और परिणाम घोषित करने में देरी नहीं होगी। यूजी और पीजी कोर्स की परीक्षाओं में अधिक संख्या वाले बड़े कॉलेजों में अतिरिक्त सेंटर किए जाएंगे।

अब हर कॉलेज के प्राचार्य को विवि परिसर स्थित स्टेट बैंक में एक खाता खोला जाएगा, उसमें परीक्षा संचालन को एडवांस में पैसा डाल दिया जाएगा। परीक्षा समाप्त होने के 15 दिनों के भीतर प्राचार्य को पूरा खर्च का ब्योरा पेश करना होगा। 


सरकार से अनुदान प्राप्त कर रहे कॉलेजों की संबद्धता फीस न लिए जाने की मांग पर कुलपति ने कहा कि यदि ये ग्रांट प्राप्त करने वाले कॉलेज सरकार से विवि को संबद्धता फीस दिलवा सकते हैं तो ही विवि संबद्धता फीस माफ कर पाएगा। 

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