CU पर भारी पड़ी सियासत, रद्द करने पड़े ये 7 परीक्षा केंद्र
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साल 2009 में स्थापित हिमाचल प्रदेश केंद्रीय विश्वविद्यालय के स्थायी परिसर निर्माण को लेकर छिड़ी राजनीतिक जंग की गूंज अब प्रदेश से बाहर सुनाई देनी लगी है। विवि ने नए अकादमिक सत्र में प्रवेश को लेकर पहली बार हिमाचल से बाहर तेरह नए परीक्षा केंद्र स्थापित किए थे।
लेकिन दाख़िले में बेहद कम रुझान के चलते सीयू प्रबंधन को सात परीक्षा केंद्रों में चेन्नई, हिसार, पुणे, अहमदाबाद, भटिंडा, इंफाल और हुबली को रद्द करना पड़ा है। वहीं बाकी सेंटर में दिल्ली से 180, चंडीगढ़-170, वाराणसी-60, गुवाहाटी- 35, भुवनेश्वर-20 और सिलीगुड़ी से महज 15 आवेदन सीयू एंट्रेंस को मिले हैं।
जानकारों का मानना है कि यूनिवर्सिटी के स्थायी कैंपस बनाने पर की जा रही सियासत के चलते ही दूसरे राज्यों के विद्यार्थियों में सीयू को लेकर खराब छवि पैदा हुई। वहीं हिमाचल के छात्रों की मांग है कि इस समस्या का जल्द हल निकालना चाहिए।
कॉलेज में पढ़ाई कर निकले छात्रों में डीएवी कांगड़ा के बीएससी स्टूडेंट अंकित, विवेक, रजनीश, अभिषेक, अतुल, मोहित, रोहित, निधि, ईश्वर, अरविंद, अजय, सूरज, प्रकाश का कहना है कि उन्हें सीयू के स्थायी कैंपस बनने की उम्मीद थी। लेकिन कथित राजनीति से केंद्रीय विवि को नुकसान पहुंचा है। छात्रों की मांग है कि सीयू पर राजनीतिक दल शीघ्र हल निकालें।
एमबीए करने का सबसे ज्यादा रुझान
सीयू की पीजी में कुल 570 सीटें पर कुल 6500 से अधिक आवेदन मिले हैं। इन आवेदनों में सबसे ज्यादा एमबीए की 90 सीटों पर 1750 और एमएससी फिजिक्स की 30 सीटों पर 950 आवेदन मिले। बीएससी ऑनर फिजिक्स की 30 सीटों पर 250 आवेदन मिले है।
वहीं बीए ऑनर संस्कृत की 30 सीटों पर 15 और एमए एजुकेशन की 30 सीटों पर महज 25 आवेदन ही मिले। परीक्षा केंद्रों में धर्मशाला से सबसे अधिक 1700 आवेदन मिले हैं। 26 जून को पीजी के विभिन्न कोर्स में दाख़िले के लिए हिमाचल समेत अन्य 12 केंद्रों में एंट्रेंस लिया जाएगा।
परीक्षा नियंत्रक डा. संजीव शर्मा ने बताया की दाखिले के अंतिम दिन ऑफलाइन मोड से सिर्फ 400 जबकि बाकीआवेदन ऑनलाइन ही मिले हैं। परीक्षा को लेकर 15 जून से रोल नंबर मिलने शुरू होंगे।