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इस वजह से असमंजस में डीएलएड के लिए आवेदन करने वाले

Wed, 24 Jan 2018 12:14 PM IST
सुनील शर्मा, अमर उजाला, जाहू (हमीरपुर)
सुनील शर्मा, अमर उजाला, जाहू (हमीरपुर) Updated Wed, 24 Jan 2018 12:14 PM IST
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deled applicants facing big problem in himachal

डीएलएड के लिए आवेदन करने वाले अध्यापक हिमाचल में असमंजस की स्थिति में है। प्रशिक्षण के दौरान अध्ययन सामग्री और अन्य जरूरी सूचनाएं उपलब्ध न होने से डीएलडी कोर्स करने वाले अध्यापक परेशान हैं। 

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सरकार द्वारा अध्यापकों के लिए डिप्लोमा इन एलिमेंटरी एजूकेशन (डीएलएड) अनिवार्य करने के बाद प्रदेश से 8912 अध्यापकों ने आवेदन किया है। अध्यापक यह प्रशिक्षण एनआईओएस बोर्ड से प्राप्त करेंगे।
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इसके लिए अध्यापकों को बोर्ड की तरफ से अध्ययन सामग्री और अन्य सूचनाएं न मिलने के कारण बेहद परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इससे प्रदेश के अध्यापक असमंजस की स्थिति में है। 
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प्रदेश के सबसे बड़े जिला कांगड़ा से प्रशिक्षण के लिए आवेदकों की संख्या सबसे अधिक 1991 है। मंडी जिला दूसरे नंबर पर है। यहां से 1379 अध्यापक व तीसरे नंबर पर शिमला जिले से 1210 अध्यापकों ने डीएलएड के लिए आवदेन किया है। 

सबसे कम आवदेन लाहौल स्पीति जिले से केवल 42 हैं। लेकिन, इन अध्यपाकों को अभी तक एनआईओएस बोर्ड की तरफ से कोई भी जानकारी उपलब्ध नहीं करवाई गई है। एनआईओएस बोर्ड की ओर से पीसीपी लगने, परीक्षा कब होगी, कहां पर होगी आदि विषयों के उत्तर नहीं दिए गए हैं। 

आवेदन करने वाले अध्यापकों का कहना है कि 4500 रुपये की फीस लेने के बावजूद भी बोर्ड किताबें उपलब्ध नहीं करवा रहा है। इस कारण किताबें या तो महंगे दामों पर खरीदनी पड़ रही है या नेट पर से नोट्स डाउनलोड करने पड़ रहे हैं। 

घर से 70 किलोमीटर दूरी पर बनाए अध्ययन केंद्र

deled applicants facing big problem in himachal


कुछ अध्यापकों को डीएलएड के प्रशिक्षण के लिए घर से 70 किलोमीटर की दूरी पर अध्ययन केंद्र दिए गए हैं। जबकि अध्यापकों के घरों के नजदीक भी अध्ययन केंद्र उपलब्ध हैं। अध्यापकों ने नजदीकी अध्ययन केंद्र देने की मांग की है। 

डीएलएड आवेदक सुनील कुमार, पूजा शर्मा, संतोष कुमार, राजेश कुमार, कुलदीप कुमार, अमृती देवी, संजना कुमारी, कमलेश कुमारी, अमर सिंह, संतोष कुमार ने मांग की है कि एनआईओएस बोर्ड द्वारा मोबाइल मैसज या तो ईमेल के माध्यम से पीसीपी, परीक्षा, अध्ययन केंद्र की जानकारी उपलब्ध करवाई जानी चाहिए, ताकि असमंजस की स्थिति पैदा न हो।

डीएलएड राज्य समन्वयक धनवरी सिंह का कहना है कि डीएलएड कोर्स के लिए आवेदन करने वाले अध्यापकों के लिए अपने ही ब्लॉक में स्टडी सेंटर उपलब्ध करवाने पर विचार किया जा रहा हैं।

उनका कहना है कि जिनको स्टडी सेंटर अलॉट हुए हैं, उनको कैंसल करके दोबारा नजदीकी सेंटर दिया जाएगा। वहीं अतिशीघ्र मोबाइल मैसज की सुविधा प्रदान की जाएगी। इसके लिए उच्च अधिकारियों से बात की जा रही है।

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