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दो महीने से श्रीलंका में फंसे हैं 2400 से ज्यादा भारतीय, देख रहे देश वापसी की राह

Mon, 18 May 2020 04:55 PM IST
गौरव पाण्डेय वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला Published by: गौरव पाण्डेय Updated Mon, 18 May 2020 04:55 PM IST
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over 2400 Indians stranded in Sri Lanka for over two months are waiting for update on evacuation flight
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : पेक्सेल्स

दो महीने से ज्यादा समय से श्रीलंका में फंसे भारतीय नागरिक देश वापसी की आस में अभी भी कोलंबो स्थित भारतीय उच्चायोग के चक्कर लगा रहे हैं, लेकिन अभी तक उन्हें भारत पहुंचाने के लिए किसी प्रकार की घोषणा नहीं की गई है। श्रीलंका के पर्यटन एवं विकास प्राधिकरण के मुताबिक, वैश्विक महामारी कोरोना वायरस के चलते लॉकडाउन और यात्रा प्रतिबंधों के कारण 2400 से ज्यादा भारतीय देश में फंसे हुए हैं। 

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बता दें कि भारत सरकार ने कोरोना वायरस के चलते शुरू किए गए लॉकडाउन की वजह से विदेशों में फंस गए भारतीयों को वापस लाने के लिए सात मई से वंदे भारत मिशन की शुरुआत की थी। इस मिशन के तहत जिन देशों के लिए उड़ानों की व्यवस्था की गई थी, श्रीलंका उनमें शामिल नहीं है।
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समाचार एजेंसी पीटीआई के मुताबिक, नोएडा की रहने वाली विनीता ने फोन पर कहा, 'मैं दो महीने से कोलंबो में फंसी हूं। सीमित आर्थिक सहायता के साथ मुझे जीने के लिए रोज संघर्ष करना पड़ता है। मैंने इस संबंध में श्रीलंका में भारतीय उच्चायोग से संपर्क किया लेकिन उनसे यही जवाब मिला कि भारत सरकार के अगले चरणों का इंतजार करें, यह बहुत कष्टकारी और दिल तोड़ने वाला है।'
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वहीं, टूरिस्ट वीजा पर श्रीलंका गए सतेंद्र मिश्रा कहते हैं, 'अभी तक श्रीलंका में फंसे भारतीयों को निकालने की किसी योजना की घोषणा नहीं की गई है। हम एक समूह में यहां आए थे और अब हमारी बचत भी खत्म होने की कगार पर है। हर सुबह हम कोई सकारात्मक उत्तर पाने की उम्मीद में उठते हैं लेकिन इस बारे में अभी तक कोई खबर नहीं मिली है।'

वंदे भारत मिशन के पहले फेज में कुल 6527 भारतीयों को वापस लाया गया है। ये भारतीय खाड़ी देशों के अलावा अमेरिका, ब्रिटेन, फिलीपींस, बांग्लादेश, मलयेशिया और मालदीव जैसे देशों में थे। वहीं, इसके दूसरे फेज में सरकार कनाडा, ओमान, कजाकिस्तान, यूक्रेन, फ्रांस, ताजिकिस्तान, सिंगापुर, अमेरिका, सऊदी अरब, इंडोनेशिया, कतर, रूस, किर्गिस्तान, जापान, जॉर्जिया और इटली में फंसे भारतीयों को लाएगी। 


इसके साथ ही भारत सरकार ने यह घोषणा भी की है कि नेपाल, नाइजीरिया, बेलारूस, अरमेनिया, थाईलैंड, आयरलैंड, जर्मनी और ब्रिटेन जैसे देशों में फंसे भारतीयों को भी देश वापस लाएगी। बता दें कि देश में 25 मार्च से लॉकडाउन जारी है। आज यानी सोमवार से लॉकडाउन के चौथे चरण की शुरुआत हुई है। देश में अभी तक कोरोना पॉजिटिव मामलों की कुल संख्या 96,169 हो गई है, जिनमें 56,316 सक्रिय हैं, 36,824 लोग स्वस्थ हो चुके हैं या उन्हें अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है और 3,029 लोगों की मौत हो चुकी है। 

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