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यूपी: लाखों नौकरियां जाने से रो पड़ी आंखें, मची चीख-पुकार

Tue, 15 Sep 2015 04:04 PM IST
Updated Tue, 15 Sep 2015 04:04 PM IST
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यूपी: लाखों नौकरियां जाने से रो पड़ी आंखें, मची चीख-पुकार

shiksha mitra protest across uttar pradesh

प्राइमरी स्कूलों में सहायक अध्यापक के तौर पर समायोजन रद होने से समायोजित शिक्षामित्र सोमवार को भी सड़क पर उतरे। जुलूस निकाल कलेक्ट्रेट का घेराव किया। राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री से इच्छा मृत्यु की अनुमति देने की मांग करते हुए एसीएम को ज्ञापन सौंपा। जिलाधिकारी कार्यालय में प्रवेश करने को लेकर शिक्षामित्रों की पुलिस से झड़प भी हुई।


ब्यूरो/अमर उजाला,आगरा, वाराणसी, मुरादाबाद।

यूपी: लाखों नौकरियां जाने से रो पड़ी आंखें, मची चीख-पुकार

shiksha mitra protest across uttar pradesh

जिले के तकरीबन 3200 शिक्षामित्र सुबह नौ बजे से डायट परिसर में एकत्र होने लगे थे। यहां से करीब 11 बजे जुलूस की शुरुआत हुई। महिला शिक्षामित्र बड़ी संख्या में थीं। शिक्षामित्रों के साथ न्याय करो, या फिर इच्छा मृत्यु की अनुमति दे दो...।

यूपी: लाखों नौकरियां जाने से रो पड़ी आंखें, मची चीख-पुकार

shiksha mitra protest across uttar pradesh

नौकरी दो या इच्छा मृत्यु दे दो.. नारे लिखी तख्तियां और बैनर लिए कलेक्ट्रेट पर पहुंचे। गेट पर पुलिस ने उन्हें रोकने की कोशिश की, लेकिन एमजी रोड पर जाम के हालात पैदा होने पर उन्हें कलेक्ट्रेट परिसर में दाखिल होने दिया गया।

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shiksha mitra protest across uttar pradesh

जिलाधिकारी कार्यालय से पहले पुलिस ने बैरियर लगा दिए। इसके उन्हें आगे नहीं बढ़ने दिया गया। शिक्षामित्रों ने बैरियर तोड़ने की कोशिश की। इस पर पुलिस से धक्कामुक्की हुई। मौके की नजाकत को देखते हुए एसीएम अरुण कुमार पहुंचे और ज्ञापन लिया।

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उत्तर प्रदेश प्राथमिक शिक्षामित्र संघ के अध्यक्ष वीरेंद्र सिंह छौंकर ने कहा कि 2250 रुपये के मानदेय में अपने परिवार का जैसे तैसे भरणपोषण किया। भविष्य में स्थायी होने का सपना लेकर जीतोड़ मेहनत की।

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