कपल्स, जो पहले लाइफ पार्टनर बने फिर बिजनेस में गाड़ दिए झंडे
ज्योतिवीर और गुरशगुन चड्ढा दिल्ली के ब्रिटिश स्कूल से पढ़े, लेकिन एक दूसरे से बात तक नहीं की। आखिरी दिन दोनों ने एक दूसरे का नंबर लिया। गुरशगुन तमिल फिल्मों में चली गईं और ज्योतिवीर बिजनेस मैनेजमेंट की पढ़ाई के लिए लंदन चले गए। धीरे-धीरे दोनों को एक दूसरे से प्यार हो गया और 2013 में दोनों ने शादी कर ली। मार्च 2014 में दोनों ने मिलकर एरिस्टोना (Eristona) नाम का आर्टीफीशियल ज्वैलरी पोर्टल शुरू किया।
कपल्स, जो पहले लाइफ पार्टनर बने फिर बिजनेस में गाड़ दिए झंडे
आनंद चंद्रशेखरन एक न्यूरोसाइंटिस्ट थे और अश्विनी अशोकन एक प्रोडक्ट डिजाइनर थीं, जिन्होंने करीब 10 साल तक इंटेल में काम किया। वे लोग पहली बार तब मिले थे जब आनंद बीटेक कर रहे थे और अश्विनी बीएससी कर रही थीं। 2005 में दोनों ने शादी कर ली और 9 साल बाद अपनी आर्टीफीशियल इंटेलिजेंस की कंपनी मै् स्ट्रीट डेन (एमएसडी) शुरू की।
कपल्स, जो पहले लाइफ पार्टनर बने फिर बिजनेस में गाड़ दिए झंडे
आनंद और महक गुड़गांव में ग्लैक्सोस्मिथक्लाइन कंपनी में इंटर्नशिप के दौरान मिले थे और 4 सालों के रोमांस के बाद 2012 में दोनों ने शादी कर ली। एक दिन दोनों ने सोचा कि कुछ अपना काम शुरू करते हैं और इसका नतीजा ये निकला कि फरवरी 2014 में वेडमीगुड नाम की कंपनी शुरू हुई। ये एक वेडिंग पोर्टल है, जो शादी के लिए फोटोग्राफर, मेकअप आर्टिस्ट, ज्वैलरी, कैटरिंग आदि में मदद करती है।
कपल्स, जो पहले लाइफ पार्टनर बने फिर बिजनेस में गाड़ दिए झंडे
2011 में शादी के बाद जब अभिनव और राधिका खंडेलवाल दो महीने के लिए स्विटरलैंड गए तो वहां उन्हें भारतीय मिठाइयां बहुत याद आईं। बस यहीं से शुरुआत हुई इनकी कंपनी स्वीट्स इनबॉक्स की। हालांकि, इसमें दोनों को तीन साल का समय लग गया। मिठाइयों के इस पोर्टल पर अलग-अलग वेंडर्स से टाई अप किया जाता है और फिर लोगों को मिठाइयां मुहैया कराई जाती हैं।
कपल्स, जो पहले लाइफ पार्टनर बने फिर बिजनेस में गाड़ दिए झंडे
मृगैन कपाड़िया और नुपुर कपाड़िया ने 2008 में शादी की। अप्रैल 2014 में दोनों ने मिलकर मोबाइल एप बनाने वाला मोबिफोलियो (mobifolio) नाम का एक स्टार्टअप शुरू किया।