Medically Reviewed by Dr. Parvesh Malik
सोना हर किसी को पसंद होता है और यह इंसान के स्वस्थ रहने के लिए जरूरी भी है। अगर व्यक्ति ठीक से सोएगा नहीं यानी नींद पूरी नहीं होगी तो तरह-तरह की बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है। पर्याप्त नींद नहीं लेने से याददाश्त घटना, फैसले लेने की क्षमता कम होना और मोटापा बढ़ने जैसी समस्याएं हो सकती हैं। हालांकि शुरुआत में लोग इन्हें नजरअंदाज कर देते हैं, जो बाद में किसी गंभीर परेशानी की वजह बन सकते हैं। कोरोना के इस दौर में तो नींद से जुड़ी समस्याएं और भी बढ़ी हैं। रिसर्च बताती है कि कोरोना से ठीक हुए कई मरीजों को नींद से जुड़ी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। विशेषज्ञों का ऐसा मानना है कि स्वस्थ रहने के लिए वयस्कों को रोजाना सात से आठ घंटे जरूर सोना चाहिए। आइए जानते हैं अच्छी नींद के लिए सोने से पहले किन नियमों का पालन करना जरूरी है...
सलाह: अच्छी नींद के लिए जरूर अपनाएं ये आठ टिप्स, सोने से पहले करें ये काम
अच्छी नींद के लिए अपनाएं ये टिप्स
- सोने से दो घंटे पहले चाय-कॉफी न पिएं
- रात में भारी भोजन न करें
- सोने से पहले धूम्रपान तो भूलकर भी न करें
- सोने से दो घंटे पहले मोबाइल या टीवी न देखें
- सोने के लिए एक बिस्तर और जगह तय रखें और वहां अन्य कोई भी काम, जैसे खाना या पढ़ाई न करें
- बार बार अगर बाथरूम जाने की समस्या है तो अपने डॉक्टर से सलाह जरूर लें
- अगर आपको शुगर या ब्लड प्रेशर की शिकायत है तो उसकी दवाएं समय पर जरूर लेते रहें
- रोजमर्रा के कामकाज में एक तय रूटीन का पालन करें, यानी सोने से लेकर उठने और व्यायाम का समय निर्धारित करके रखें
- हाल ही में अमेरिका में नींद से संबंधित एक अध्ययन किया गया था, जिसमें यह दावा किया गया था कि सोने के समय के करीब संगीत सुनना नींद के लिए हानिकारक हो सकता है, यानी संगीत आपकी नींद में खलल डाल सकता है। इस अध्ययन से संबंधित नतीजों को 'साइकोलॉजिकल साइंस' नामक पत्रिका में प्रकाशित किया गया था।
- अच्छी नींद के लिए सेहतमंद आहार भी बहुत जरूरी होता है। विशेषज्ञ कहते हैं कि रात में सोने से एक-दो घंटा पहले केला, केसर दूध, गर्म दूध, हल्दी दूध और जायफल आदि का सेवन फायदेमंद हो सकता है। ये अनिद्रा की समस्या को दूर भगाने और अच्छी नींद लाने में मदद करते हैं।
नोट: डॉ. परवेश मलिक एक फिजिशियन हैं और वर्तमान में पानीपत के उजाला सिग्नस महाराजा अग्रसेन अस्पताल में कार्यरत हैं। डॉ. मलिक ने हरियाणा के महर्षि मार्कंडेश्वर इंस्टीट्यूट ऑफ हेल्थ साइंसेज एंड रिसर्च मुल्लाना, से अपना एबीबीएस पूरा किया है। इन्होंने जनरल मेडिसिन में एमडी भी किया। पानीपत के उजाला सिग्नस महाराजा अग्रसेन अस्पताल में काम करने से पहले डॉ. परवेश ने एम.एम इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज एंड रिसर्च महर्षि मार्कंडेश्वर यूनिवर्सिटी में जूनियर रेजिडेंट के तौर पर काम किया है।
अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित अस्वीकरण- बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।