टीम इंडिया ने रांची में शनिवार को हुए वर्षाबाधित पहले टी20 अंतर्राष्ट्रीय मैच में ऑस्ट्रेलिया को 9 विकेट से हराकर तीन मैचों की सीरीज में 1-0 की बढ़त बनाई। हालांकि, इस मैच में टीम इंडिया की फील्डिंग अपेक्षा से कमजोर नजर आई। टीम इंडिया के फील्डरों ने ऑस्ट्रेलिया के विकेटकीपर बल्लेबाज टिम पैन को तीन लाइफलाइन दी। मगर ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाज इतने जीवनदानों का फायदा नहीं उठा पाया और 17 रन बनाकर पवेलियन लौट गया।
टिम पैन को मिली तीन लाइफलाइन, फिर भी नहीं दे पाए टीम इंडिया को 'पेन'
टीम इंडिया की लचर फील्डिंग ऑस्ट्रेलियाई पारी के 15वें ओवर में देखने को मिली जब ऑस्ट्रेलिया का स्कोर 92/6 था। लेग स्पिनर युजवेंद्र चहल की कहर बरपाती गेंदों पर पैन पूरी तरह असहाय नजर आए, लेकिन भारतीय फील्डरों ने उन्हें क्रीज पर डटे रहने के तीन मौके दिए।
टिम पैन को मिली तीन लाइफलाइन, फिर भी नहीं दे पाए टीम इंडिया को 'पेन'
पैन को सबसे पहली लाइफलाइन खुद गेंदबाज चहल ने दी। पहली गेंद पर पैन ने बड़ा शॉट खेलने का प्रयास किया, लेकिन उनका टाइमिंग अच्छा नहीं रहा और गेंद उनके बल्ले के ऊपरी भाग में लगकर गेंदबाज की तरफ गई। चहल ने अपने बाई ओर डाइव लगाईं और लगभग कैच भी पूरा किया, लेकिन जैसे ही वो जमीन पर गिरे तो गेंद उनके हाथ से छूट गयी। तब पैन 2 रन के व्यक्तिगत स्कोर पर थे।
टिम पैन को मिली तीन लाइफलाइन, फिर भी नहीं दे पाए टीम इंडिया को 'पेन'
4 of 5
महेंद्र सिंह धोनी
- फोटो : BCCI
इसके बाद ओवर की पांचवीं गेंद पर दुनिया के महान विकेटकीपर महेंद्र सिंह धोनी ने पैन को जीवनदान दिया। चहल ने फ्लाइटेड गेंद डाली, जिस पर पैन आगे बढ़े और लेग साइड में शॉट जमाने का प्रयास किया। वो पूरी तरह बीट हुए और साथ ही धोनी भी बीट हो गए। धोनी के पेड पर गेंद लगकर आगे की तरफ चली गई। इससे पैन को अपनी क्रीज में लौटने का समय मिल गया।
टिम पैन को मिली तीन लाइफलाइन, फिर भी नहीं दे पाए टीम इंडिया को 'पेन'
अगली ही गेंद पर पैन ने लंबा शॉट जमाया, लेकिन डीप मिडविकेट पर मुस्तैद भुवनेश्वर कुमार ने आसान कैच टपका दिया। तब पैन 3 रन के व्यक्तिगत स्कोर पर थे। पैन इन लाइफलाइन्स का फायदा नहीं उठा पाए और एक चौके व एक छक्के की मदद से 17 रन बनाकर पवेलियन लौट गए। उन्हें बुमराह ने शानदार यॉर्कर पर अपना शिकार बनाया।