भारतीय अंडर-19 टीम को चौथी बार वर्ल्ड चैंपियन बनाने वाले कप्तान पृथ्वी शॉ क्रिकेट एक्शन में लौट आए हैं। युवा शॉ ने विजय हजारे ट्रॉफी में मुंबई की तरफ से तमिलनाडु के खिलाफ मैच में शिरकत की। शॉ जब से देश लौटे हैं तभी से वह सुर्खियों में लगातार बने हुए हैं। दाएं हाथ के बल्लेबाज को इंडियन प्रीमियर लीग के 11वें एडिशन के लिए दिल्ली डेयरडेविल्स ने खरीदा है।
हालांकि, शॉ को भी इसकी जानकारी है कि टीम को खिताब दिलाने के कारण उन पर मीडिया का ध्यान रहेगा। शॉ ने कहा, 'मुझे पता था कैमरा और मीडिया का ध्यान मुझ पर रहेगा क्योंकि हमने वर्ल्ड कप जीता है। मगर यह सब अच्छा है। मुंबई के लिए दो साल तक खेलने के बाद सभी को यह पता है और उन्होंने मुझे अपनाया है।'
शॉ ने अंडर-19 वर्ल्ड कप में एक शॉट खेला, जिसके बाद कमेंटेटर ने उनकी तुलना महान बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर से कर दी। शॉ को सचिन तेंदुलकर से तुलना बिलकुल भी रास नहीं आई।
शॉ के मुताबिक लोगों को शतक की उम्मीद हो गई जब मैंने एक फिफ्टी जमाई थी, लेकिन तेंदुलकर से कोई तुलना नहीं है। उन्होंने कहा, 'स्टैंड्स में बैठे लोगों को उम्मीद थी कि मैं शतक जमाऊंगा जब मैंने फिफ्टी पूरी की थी। मुझे पता है कि उम्मीदें थी, लेकिन ऐसे में सचिन सर से कोई तुलना नहीं की जा सकती। वह 'क्रिकेट के भगवान' हैं, जिन्होंने 24 साल देश की सेवा की जबकि मैंने तो अभी शुरुआत भी नहीं की है। मेरे लिए बड़ा लंबा सफर बचा है।'
मुंबई के शॉ ने कोच राहुल द्रविड़ की भी जमकर तारीफ की। उन्होंने कहा, 'द्रविड़ ने टीम को मानसिक रूप से तैयार किया और ट्रेनिंग सेशन व मैच से पहले उन्होंने हमेशा सकारात्मक शब्द कहे, जिसका टीम पर काफी अच्छा असर पड़ा।'