{"_id":"61e3e7e672504a205e0c258d","slug":"lockdown-in-thailand-monkey-population-increase-in-this-country-know-reason-behind-it","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"Lockdown in Thailand: लाॅकडाउन की वजह से इस देश में बढ़ गई बंदरों की जनसंख्या, जानिए क्या है वजह","category":{"title":"Bizarre News","title_hn":"हटके खबर","slug":"bizarre-news"}}
Lockdown in Thailand: लाॅकडाउन की वजह से इस देश में बढ़ गई बंदरों की जनसंख्या, जानिए क्या है वजह
फीचर डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: राजेश मिश्रा
Updated Sun, 16 Jan 2022 04:19 PM IST
विज्ञापन
1 of 5
प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : Pixabay
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
Link Copied
कोरोना महामारी ने पूरी दुनिया पर बहुत बुरा असर डाला है। अभी लोग एक लहर से उबर भी नहीं पाते तब तक एक नई लहर आ जाती है। भारत में कोरोना के नए वेरिएंट ओमिक्रोन के कारण तीसरी लहर भी शुरू हो चुकी है जिसके कारण लाखों केस रोज सामने आ रहे हैं। इस महामारी का जितना असर इंसानों पर पड़ा है, उतना ही जानवरों को भी मुश्किलों का सामना करना पड़ा है। अब लोग अपने घरों से बाहर कम से कम जाते हैं जिसके कारण जो लोग जानवरों को कुछ न कुछ खिलाते थे। अब वो बंद हो चुका है जिसके कारण जानवरों को भूखे-प्यासे ही रहना पड़ता है। जिससे कई जानवरों की मौत तक हो गई। मगर, एक ऐसा भी देश है जहां इसी कोरोना महामारी के कारण लगे लॉकडाउन में बंदरो की जनसंख्या इतनी बढ़ गई है कि आस पास के रहने वालों को काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है।
2 of 5
प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : Pixabay
थाईलैंड में एक शहर है लॉपबुरी, इस शहर में बंदर बहुत ज्यादा संख्या में रहते हैं। बंदरों की मकाकस प्रजाति इस शहर में पाई जाती है। इन बंदरों के कारण इस शहर में रहने वाले लोगों को काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। ये बंदर एक झुंड बनाकर लोगों के घरों में घुस जाते हैं और खाने-पीने के सामान को बर्बाद कर देते हैं। दरअसल, जब से कोरोना महामारी के कारण लॉकडाउन लगा है, तभी से इन बंदरों को अपना पेट पालने के लिए काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है।
3 of 5
प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : Pixabay
एक मीडिया रिपोर्ट के अनुसार,जब दुनियाभर से पर्यटक यहां घूमने आते थे तो बंदरों को खाने-पीने की कोई समस्या नहीं होती थी। पर्यटक कुछ न कुछ उन्हें खिलाते थे जिससे इन बंदरों का पेट भरता था। मगर, जब से कोरोना महामारी आई, लोगों का आना बंद हो गया। तब से ये बंदर यहां के स्थानीय लोगों पर ही खाने-पीने के लिए निर्भर हो गए हैं जिससे लोगों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है।
विज्ञापन
विज्ञापन
4 of 5
प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : Pixabay
अब इन बंदरों को खिलाना अब उनके लिए मुसीबत बन गया है। अब ये बंदर खाने-पीने की तलाश में लोगों के घर में घुस जाते हैं और जो भी खाने का सामान दिखाई देता है उसे लेकर भाग जाते हैं। सड़कों पर भी लोगों का चलना मुश्किल हो गया है। किसी पर भी ये बंदर जानलेवा हमला भी कर देते हैं। अब ये बंदर लोगों की कार,दुकान में घुस जाते हैं और सामान को भी नुकसान कर देते हैं। खाने को लेकर ये बंदर आपस में लड़ाई भी करते हैं जिससे आस-पास के इलाके में एक दहशत का माहौल बना हुआ है।
विज्ञापन
5 of 5
प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : Pixabay
ये बंदर काफी लंबे समय से स्थानीय लोगों के साथ रहते आए हैं जिससे इन्हें यहां के लोगों से डर भी नहीं लगता है। जब साल 2020 में लॉकडाउन लगा और जब इन्हें खाने में समस्या होने लगी तो इन बंदरों ने उत्पात मचाना शुरू किया और लोगों को परेशान करने लगे। जब लोगों ने इन्हें खिलाना शुरू किया तो ये बंदर इन्हें और तंग करने लगे।
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे| Get all Bizarre News in Hindi related to Weird News - Bizarre, Strange Stories, Odd and funny stories in Hindi etc. Stay updated with us for all breaking news from Bizarre and more news in Hindi.
विज्ञापन
विज्ञापन
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।