घर बनवाते समय हर घर में उजालादान, खिड़की अवश्य खुलवाते हैं, ताकि घर में हवा और रोशनी का प्रवाह सुचारू रूप से होता रहे। लोग कई तरह और दिशाओं में खिड़कियां खुलवाते हैं। वास्तु के अनुसार खिड़की से न केवल घर में रोशनी और उजाला आता है बल्कि घर में ऊर्जा का प्रवाह भी काफी हद तक खिड़कियों पर निर्भर करता है। यही कारण है कि वास्तु में खिड़की से संबंधित भी महत्वपूर्ण बातें बताई गई हैं। इन बातों को ध्यान में रखकर आप अपने घर में सकारात्मक ऊर्जा का प्रवाह कर सकते हैं। जिससे आपके घर से परेशानियां दूर होती हैं और समृद्धि, शांति का आगमन होता है। तो चलिए जानते हैं खिड़की या उजालादान से जुड़ी खास वास्तु जानकारी....
vastu tips: सही दिशा में लगी खिड़की खोल सकती है किस्मत का दरवाजा, इन बातों को जानना है जरूरी
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घर की इस दिशा में खिड़की खोलने से होती है तरक्की
पूर्व दिशा से ही सूर्य का उदय होता है, इसलिए पूर्व दिशा में अधिक खिड़कियां खुलावनी चाहिए। इससे आपके घर में सीधे सूर्य की पहली किरण प्रवेश करती है जो घर की नकारात्मकता को नष्ट करती है। इस दिशा में खिड़कियां होने से रोशनी के साथ घर में सौभाग्य का प्रवेश भी होता है। आपकी और परिवार के सदस्यों को यश एवं तरक्की की प्राप्ति होती है। इसी तरह से उत्तर दिशा में खिड़कियां बनवाना भी सही रहता है। इस दिशा में खिड़कीयां बनवाने से घर में धन समृद्धि बनी रहती है, क्योंकि उत्तर दिशा के स्वामी कोषाध्यक्ष कुबेर हैं।
घर के इस स्थान पर खिड़की जरूर बनवाएं
छत में बना हुआ उजालादान
पहले के समय में घर बहुत बड़े हुआ करते थे, इसलिए आंगन खुला ही होता था। आजकल के समय में घरों का आकार बदल गया है। लोग अपने घरों में उजाले के लिए छत में ही थोड़ा हिस्सा छोड़कर उसमें जाल लगवा देते हैं। वास्तु के अनुसार इससे घर में हवा का दबाव बना रहता है, जिससे मन-मस्तिष्क पर प्रभाव पड़ता है। यदि आपको छत में उजाला दान बनवाना है तो किसी वास्तु विशेषज्ञ से सलाह लेकर ही बनावाएं तो उत्तम रहेगा।
इस दिशा में नहीं खुलवानी चाहिए खिड़की
वास्तु के अनुसार घर की दक्षिण दिशा में खिड़की नहीं खुलवानी चाहिए। यह यम की दिशा मानी गई है। इस दिशा में खिड़की खुलवाने से आपको परेशानियां हो सकती हैं। यदि इस दिशा में खिड़की खुलवाना आवश्यक भी हो तो जब जरूरत पड़े तभी खिड़कियों को खोले इसके अलावा खिड़की को बंद करके या फिर मोटे पर्दे लगाकर रखें।