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'बड़े खिलाड़ी छोटे शहरों से ही निकलते हैं'

Mon, 06 Jan 2014 10:24 AM IST
अमर उजाला चंडीगढ़
अमर उजाला चंडीगढ़ Updated Mon, 06 Jan 2014 10:24 AM IST
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Jeev Milkha Germany to overcome the pain will
बडे़ खिलाड़ी छोटे शहरों से ही निकलते हैं। मुझे खुशी है कि आज जूनियर गोल्फरों ने विदेश में सिटी ब्यूटीफुल का नाम रोशन किया है। यह कहना हैं जीव मिल्खा सिंह का, जो कि रविवार को चंडीगढ़ गोल्फ रेंज पहुंचे थे।
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उन्होंने सीजीए में नई बनी अंतराष्ट्रीय स्तर की जूनियर ड्राइविंग रेंज और सिंथेटिंक पुटिंग ग्रीन का उद्घाटन किया।

जीव ने कहा शहर से करणदीप कोच्चर, फिरोज ग्रेवाल, वसुंधरा थियारा और आदिल बेदी ने जूनियर लेवल में लगातार बेहतरीन प्रदर्शन कर विदेशी गोल्फरों को टक्कर देने में कामयाब रहे हैं।
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कंधे की इंजरी नहीं हुई ठीक
जीव मिल्खा सिंह ने बताया कि उनके दाएं कंधे की इंजरी अभी तक टीक नहीं हो पाई है। वह बर्फ स्ट्रक नाम इंजरी से ग्रस्त हैं। पिछले साल दिसंबर के बाद से इस साल जनवरी में रेंज में शॉट्स लगाए, लेकिन 10 से अधिक बॉल को हिट नहीं कर पाए।
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उन्होंने बताया हिट के दौरान काफी दर्द हुआ, जो अभी तक है। इसके लिए अल्ट्रासाउंड कराया हैं और पेन किलर भी ले रहा हूं। पिछले 6 महीने से सब कुछ ट्राई कर रहा हूं, लेकिन अभी तक दर्द से उबर नहीं पाया हूं।

अपने को फिट रखने के लिए यहां के डॉक्टराें और ट्रेंनर की देखरेख में स्ट्रैचिंग कर रहा हूं, जिससे बॉडी फिट रहे।

जर्मनी में होगा इलाज
मंगलवार से दुबई ओपन शुरू हो रहा है। तीन हप्ते के इस टूर में हिस्सा लेने जा रहा हूं। इस टूर्नामेंट टाइगर वुड्स के साथ दुनिया केबेहतरीन गोल्फर हिस्सा लेंगे। उन्होंने कहा कि इस टूर्नामेंट को वार्मअप की तरह ले रहा हूं।

इसके बाद पता चलेगा कि आगे खेल सकता हूं की नहीं। इसके बाद जर्मनी में इलाज के लिए जाना है। वहां के डॉक्टर से बात हुई है। इस डॉक्टर ने विजय सिंह, फैडी कप्लस जैसे अंतराष्ट्रीय गाल्फर्स को चोटों से उबारा है।


शहर के जूनियर खिलाड़ियों में जीत की भूख
सिटी के जूनियर खिलाड़ी बेहतर प्रदर्शन कर रहे हैं क्योंकि उनके अंदर जीतने की भूख है। यहां पर गोल्फ रेंज, गोल्फ क्लब और जिम हैं। यहां के खिलाड़ी इनका भरपूर फायदा उठाकर भविष्य के चैंपियन बन सकते हैं।
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