अब अंडर-17 में खेलेंगे चिराग तो होगी 'कार्रवाई'
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देश के उभरते शटलर चिराग सेन के अंडर-17 आयु वर्ग में खेलने पर अब संदेह बना है। बैडमिंटन एसोसिएशन ऑफ इंडिया (बीएआई) ने अंडर-17 में ओवरएज पाए जाने के बाद अब स्टेट एसोसिएशन को रिपोर्ट भेजकर अपने स्तर से कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।
ऑल इंडिया जूनियर रैंकिंग बैडमिंटन टूर्नामेंट में अंडर-17 और 19 आयु वर्ग में दोहरा खिताब जीतने के बाद चिराग का अगला लक्ष्य जूनियर नेशनल चैंपियनशिप थी।
मगर अब उनके अंडर-17 आयु वर्ग में खेलने पर संदेह बना है। दरअसल, बैडमिंटन एसोसिएशन ऑफ इंडिया ने बीते साल के अंत में आपत्ति होने पर खिलाड़ियों की उम्र सत्यापित करने के लिए मेडिकल टेस्ट कराया था।
उम्र 17 साल से अधिक पाई गई
बीएआई के मेडिकल कमीशन के चेयरमैन और एनएस एनआईएस पटियाला के एफएमआर हैड डिपार्टमेंट ऑफ स्पोर्ट्स मेडिसन डा. अशोक आहुजा ने अब रिपोर्ट दी है।
मेडिकल में खिलाड़ियों का एक्स-रे, बोन टेस्ट आदि किया गया। इसमें उत्तराखंड निवासी और एयर इंडिया के खिलाड़ी चिराग सेन सहित देश के चार अन्य जूनियर खिलाड़ियों की उम्र 17 साल से अधिक पाई गई है।
उत्तराखंड स्टेट बैडमिंटन एसोसिएशन के सचिव बीएस मनकोटी का कहना है कि बीएआई ने खेलने से नहीं रोका है। अगर ऐसा होता तो देहरादून में हुए नेशनल रैंकिंग टूर्नामेंट में भी खेलने से रोक दिया जाता।
आपत्ति आने के बाद मेडिकल कराया गया था। डॉक्टर की जांच रिपोर्ट में ओवरएज पाया है। हमने स्टेट एसोसिएशन को कार्रवाई करने के लिए कहा है। हमने खेलने से नहीं रोका है, लेकिन अगर विरोध हुआ तो एसोसिएशन अपने स्तर से कार्रवाई करेगा।
- डा. विजय सिन्हा, सचिव, बैडमिंटन एसोसिएशन ऑफ इंडिया