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मिलिए, बेटे को गोल्फर बनाने वाले कैडी पिता से
संजीव पंगोत्रा/अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Tue, 13 May 2014 12:42 PM IST
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जीव मिल्खा के शहर से कई जूनियर्स गोल्फर्स अपनी प्रतिभा का सिद्ध करने में जुट हुए हैं। वहीं एक कैडी का बेटा भी अपने खेल से लगातार प्रभावित कर रहा है।
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हम बात कर रहे हैं कई वर्षों से चंडीगढ़ गोल्फ क्लब में कैडी का काम करने वाले सुच्चा सिंह की, जिसके बेटे अमृतलाल इसी माह के दूसरे सप्ताह में जूनियर ट्राफी को जीत कर सबका मन मोह लिया।
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जूनियर गोल्फ टूर्नामेंट चंडीगढ़ गोल्फ क्लब में खेला गया। गोल्फ कोर्स पर गोल्फर्स की किट उठाकर उनके साथ चलने वाले सुच्चा सिंह ने कभी सपने में भी नही सोचा था कि उनका बेटा उसी गोल्फ पर एक दिन टूर्नामेंट खेलते हुए नजर आएगा।
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आर्थिक रूप से कमजोर सुच्चा सिंह के बेटे ने केवल गोल्फ खेलना सीखा बल्कि गोल्फ टूर्नामेंट को जीतने में भी सफल हो रहा है। अमृतलाल का नाम उस समय हर एक की जुबान पर आया जब इसने अबतक का सबसे बड़ा उलटफेर करते हुए महत्वपूर्ण फेडरर टूर को जीतने में सफलता पाई।
इस टूर्नामेंट में देश भर से 100 से अधिक अंडर 14 वर्ग के बेहतरीन युवा गोल्फर्स ने हिस्सा लिया था। इस तरह मौजूदा इंडियन गोल्फ यूनियन (आईजीयू) में बी केटागिरी में 3 रैकिंग हुई है।
गोल्फ कोर्स पर मिली प्रेरणा
सुच्चा सिंह किशनगढ़ में रहता है। उनका बेटा 15 वर्षीय बेटा अमृतलाल 9 वीं कक्षा में सेक्टर 7 स्थित मिडिल स्कूल का छात्र है। पिता पिछले 20 सालाें से गोल्फ कोर्स पर कैडी का काम करते हैं। कभी कबार बेटा अमृतलाल भी उनके साथ जाता रहा। वहां पर गोल्फर्स को खेलते देख इसके मन में भी गोल्फ के प्रति आकर्षण पैदा हुआ।
दिहाड़ी में से पैसे इकट्ठे किए
अपने बेटे की गोल्फ में रुचि को देखते हुए सुच्चा सिंह ने अपनी दिहाड़ी में से रोजाना कुछ रुपये इकट्ठे करने शुरू किए। इनके गोल्फ कोर्स पर मौजूद खिलाड़ियों ने भी मदद दी। जिसके बाद बेटे को एक गोल्फ किट खरीद कर दी। जिसके बाद से इसने टूर्नामेंट में हिस्सा लेना शुरू किया।
जीव मिल्खा सिंह भी देते हैं टिप्स
अमृतलाल की गोल्फ में बेहतरीन प्रदर्शन को देखते हुए जीव मिल्खा सिंह भी इसके खेल से प्रभावित हुए बगैर नही रह पाए। कई बार जीव ने खुद अमृतलाल को टिप्स दे चुके है।
सीजीए करता है मदद
चंडीगढ़ गोल्फ रेंज हमेशा से ही युवा खिलाड़ियों की मदद के लिए आगे आता रहा है। आर्थिक रूप से कमजोर अमृतलाल को सीजीए अपने यहां अभ्यास करने करने देता है साथ ही उसे निशुल्क गेंदें भी उपलब्ध करवाता है। सुच्चा सिंह के अनुसार रेंज के कोच जैसी ग्रेवाल अमृतलाल ट्रेनिंग देते है। वहीं अमृतलाल का सपना है कि वह भविष्य में देश के लिए खेलते हुए ट्राफी जीते।