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निंदाना निवासी कैदी पीजीआई में पुलिसकर्मी का हाथ छुड़ाकर फरार
अमर उजाला ब्यूरो/ रोहतक
Updated Thu, 30 Oct 2014 03:17 AM IST
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पीजीआई में उपचार के लिए लाया गया निंदाना निवासी एक कैदी पुलिसकर्मी का हाथ छुड़ाकर फरार हो गया।
निंदाना निवासी योगेश भोंडसी जेल में डकैती के मामले में सजा काट रहा है। गुड़गांव पुलिस उसे डिस्क में समस्या होने के कारण बुधवार को एक्सरे के लिए यहां लेकर पहुंची थी।
एक्सरा कराने ले जाते वक्त योगेश पुलिसकर्मी का हाथ छुड़ाकर पहले से तैयार अपने साथी की बाइक पर बैठकर फरार हो गया। आनन-फानन में शहर में नाकाबंदी भी करवाई गई, लेकिन पुलिस के हाथ कुछ नहीं लगा। थाना पीजीआई पुलिस ने इस संबंध में ड्यूटी में कोताही बरतने के आरोप में पुलिस कर्मचारी के खिलाफ मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया है।
ये है मामला
बुधवार को गुड़गांव पुलिस की छह सदस्यीय टीम एएसआई के नेतृत्व में भोंडसी जेल में बंद चार कैदियों को लेकर पीजीआई पहुंची। इनमें एक योगेश निवासी निंदाना, महम भी शामिल था। वह 2010 में गुड़गांव के डीएलएफ थाना इलाके में एक डकैती के मामले में सजा काट रहा है।
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योगेश डीएलएफ थाना इलाके में ही एक हत्या की वारदात में भी आरोपी है। यह मामला अदालत में विचाराधीन है। गुड़गांव के आसपास की कई वारदातों में उसका नाम शामिल रहा है। डिस्क समस्या के कारण उसका पीजीआई में उपचार चल रहा था। पुलिस ओपीडी में जांच के बाद उसे एक्सरे के लिए ले जाने लगी। एकाएक वार्ड 12 के पास पहुंचकर योगेश ने पुलिसकर्मी रवींद्र के हाथ में झटका मारा और वहां से फरार हो गया। पुलिसकर्मी उसे पकड़ते, इससे पहले ही योगेश वहां पहले से तैयार खड़े एक युवक के साथ बाइक पर बैठकर फरार हो गया। साफ है कि पूरी योजना के तहत घटना को अंजाम दिया गया। उसने अपने साथी को भी पहले से ही बाइक पर तैयार कर रखा था।
कुख्यात डोगा भी इसी तरह हुआ था फरार
पीजीआई से कुख्यात बदमाशों का फरार होना नया मामला नहीं है। सालभर पहले कुख्यात डोगा भी ठीक इसी तरह गुड़गांव पुलिस को चकमा देकर पीजीआई से फरार हो गया था। वह भी भोंडसी जेल में बंद था और गुड़गांव पुलिस ही उपचार के लिए यहां लाई थी। उसने भी भागने के लिए अपने साथियों को पहले से तैयार कर बाहर खड़ा कर रखा था। हालांकि बाद में पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया था। करीब दो माह पहले भी पीजीआई में उपचाराधीन दुराचार का एक विचाराधीन आरोपी यहां से सुरक्षा को भेद कर फरार हो गया था। पुलिस ने उसे दो दिन बात गिरफ्तार किया था।
‘योगेश नाम के कैदी के फरार होने के मामले में एक पुलिसकर्मी रविंद्र के खिलाफ ड्यूटी में कोताही बरतने का मामला दर्ज किया है। वहीं, कैदी योगेश के खिलाफ भी मामला दर्ज किया है। पुलिस कर्मचारी को गिरफ्तार कर लिया है।’ एमआई खान, एसएचओ, थाना पीजीआईएमएस, रोहतक।
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निंदाना निवासी योगेश भोंडसी जेल में डकैती के मामले में सजा काट रहा है। गुड़गांव पुलिस उसे डिस्क में समस्या होने के कारण बुधवार को एक्सरे के लिए यहां लेकर पहुंची थी।
एक्सरा कराने ले जाते वक्त योगेश पुलिसकर्मी का हाथ छुड़ाकर पहले से तैयार अपने साथी की बाइक पर बैठकर फरार हो गया। आनन-फानन में शहर में नाकाबंदी भी करवाई गई, लेकिन पुलिस के हाथ कुछ नहीं लगा। थाना पीजीआई पुलिस ने इस संबंध में ड्यूटी में कोताही बरतने के आरोप में पुलिस कर्मचारी के खिलाफ मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया है।
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ये है मामला
बुधवार को गुड़गांव पुलिस की छह सदस्यीय टीम एएसआई के नेतृत्व में भोंडसी जेल में बंद चार कैदियों को लेकर पीजीआई पहुंची। इनमें एक योगेश निवासी निंदाना, महम भी शामिल था। वह 2010 में गुड़गांव के डीएलएफ थाना इलाके में एक डकैती के मामले में सजा काट रहा है।
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योगेश डीएलएफ थाना इलाके में ही एक हत्या की वारदात में भी आरोपी है। यह मामला अदालत में विचाराधीन है। गुड़गांव के आसपास की कई वारदातों में उसका नाम शामिल रहा है। डिस्क समस्या के कारण उसका पीजीआई में उपचार चल रहा था। पुलिस ओपीडी में जांच के बाद उसे एक्सरे के लिए ले जाने लगी। एकाएक वार्ड 12 के पास पहुंचकर योगेश ने पुलिसकर्मी रवींद्र के हाथ में झटका मारा और वहां से फरार हो गया। पुलिसकर्मी उसे पकड़ते, इससे पहले ही योगेश वहां पहले से तैयार खड़े एक युवक के साथ बाइक पर बैठकर फरार हो गया। साफ है कि पूरी योजना के तहत घटना को अंजाम दिया गया। उसने अपने साथी को भी पहले से ही बाइक पर तैयार कर रखा था।
कुख्यात डोगा भी इसी तरह हुआ था फरार
पीजीआई से कुख्यात बदमाशों का फरार होना नया मामला नहीं है। सालभर पहले कुख्यात डोगा भी ठीक इसी तरह गुड़गांव पुलिस को चकमा देकर पीजीआई से फरार हो गया था। वह भी भोंडसी जेल में बंद था और गुड़गांव पुलिस ही उपचार के लिए यहां लाई थी। उसने भी भागने के लिए अपने साथियों को पहले से तैयार कर बाहर खड़ा कर रखा था। हालांकि बाद में पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया था। करीब दो माह पहले भी पीजीआई में उपचाराधीन दुराचार का एक विचाराधीन आरोपी यहां से सुरक्षा को भेद कर फरार हो गया था। पुलिस ने उसे दो दिन बात गिरफ्तार किया था।
‘योगेश नाम के कैदी के फरार होने के मामले में एक पुलिसकर्मी रविंद्र के खिलाफ ड्यूटी में कोताही बरतने का मामला दर्ज किया है। वहीं, कैदी योगेश के खिलाफ भी मामला दर्ज किया है। पुलिस कर्मचारी को गिरफ्तार कर लिया है।’ एमआई खान, एसएचओ, थाना पीजीआईएमएस, रोहतक।