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गुलशन महल
अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Tue, 14 Jan 2014 07:52 PM IST
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देश का पहला राष्ट्रीय फिल्म संग्रहालय नेशनल म्यूजियम ऑफ इंडियन सिनेमा मुंबई के पेडर रोड स्थित गुलशन महल परिसर में बनाया जा रहा है। भारतीय सिनेमा के सौ वर्ष पूरे होने के मौके पर बने इस फिल्म संग्रहालय के पहले चरण का काम पूरा हो चुका है और इसका शीघ्र ही उद्घाटन होने वाला है।
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देश में भारतीय फिल्मों का अभिलेखागार तो पुणे में फरवरी, 1964 में ही बनाया गया था, पर फिल्म संग्रहालय की कमी लंबे अर्से से महसूस की जा रही थी। पुणे स्थित राष्ट्रीय फिल्म अभिलेखागार जहां फिल्मों के प्रिंटों का संग्रह और फिल्मों से जुड़ों आंकड़ों को वर्गीकृत एवं व्यवस्थित कर उससे संबंधित अनुसंधान को बढ़ावा देता है, वहीं मुंबई स्थित इस राष्ट्रीय फिल्म संग्रहालय में फिल्मों के प्रिंटों के अलावा विभिन्न दौर में फिल्मोद्योग में उपयोग किए गए उपकरणों, कलाकारों के वस्त्राभूषणों आदि को संग्रहीत किया गया है।
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भारतीय सिनेमा का यह राष्ट्रीय संग्रहालय 19वीं सदी में निर्मित गुलशन महल की पुरातात्विक इमारत में है, जहां पहले से ही फिल्म प्रभाग (फिल्म डिवीजन) का मुख्यालय स्थित है। इसके निर्माण की घोषणा सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय द्वारा की गई थी। इस संग्रहालय को तैयार करने की जिम्मेदारी नेशनल काउंसिल ऑफ साइंस म्यूजियम को सौंपी गई थी।
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मुंबई के महबूब स्टूडियो, आरके स्टूडियो, दक्षिण भारत के प्रसाद स्टूडियो ने तो पहले ही इस संग्रहालय के लिए अपने उपकरण दान कर दिए हैं, कई मशहूर फिल्मी हस्तियों के परिजनों ने भी उनसे जुड़ी शिल्पकृति देने की इच्छा जताई है। कोलकाता के एक स्टूडियो ने भी सत्यजीत राय एवं मृणाल सेन द्वारा उपयोग किए गए उपकरण देने की पेशकश की है। हालांकि अभी ज्यादातर प्रदर्शित वस्तुएं फिल्म प्रभाग के संग्रह से ली गई हैं।