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संपत्ति का ब्योरा दो, वरना नहीं मिलेगा अनाज
भिवानी।
Updated Tue, 11 Mar 2014 12:26 AM IST
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भिवानी। राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा बिल (एनएफएसए) के तहत सस्ता राशन पाने वाले परिवार संपत्ति का ब्योरा देने में हिचक रहे हैं। योजना के तहत करीब 10 लाख लोगों को चिह्नित किया गया है। इसमें 25 फीसदी परिवारों ने ही अब तक तय प्रारूप पर संपत्ति का विवरण जमा किया है।
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फर्जीवाड़े की आशंका को देखते हुए विभाग ने ब्योरा देने के लिए 12 मार्च की डेडलाइन तय की है। इस अवधि तक जिन परिवारों का विवरण नहीं मिलेगा, उन्हें अप्रैल माह से रियायती दर पर अनाज नहीं मिलेगा।
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इस संबंध में विभाग ने सभी समिति संचालकों को भी हिदायत दे दी है। उन्हें भी जल्द से जल्द सभी जरूरतमंदों के फार्म भरवाकर जमा कराने को कहा गया है, ताकि प्रॉपर्टी का सत्यापन कर पात्रता स्पष्ट की जा सके।
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क्यों भरवा रहे फार्म
खाद्य सुरक्षा बिल के तहत सर्वे में बीपीएल व अंत्योदय श्रेणी के छह लाख लोगों के नाम जोडे़ गये हैं। इसके अलावा करीब चार लाख लोगों को एपीएल श्रेणी से इसमें शामिल किया गया है। गरीबों की इतनी लंबी सूची में फर्जीवाड़े की आशंका के मद्देनजर विभाग ने संपत्ति के सत्यापन की कवायद शुरू की है।
इसके तहत हितग्राही श्रेणी में शामिल सभी परिवारों के मुखिया से फार्म भरवाया जाएगा, जिसमें उन्हें अपनी संपत्ति के बारे में जानकारी देनी होगी।
पटवारी-ईओ करेंगे सत्यापन
डिपो स्तर पर फार्म जमा होने के बाद विभाग पटवारी व समितियों के ईओ से सत्यापन कराएगा। अगर फार्म में दिया गया ब्योरा सही हुआ तभी उन्हें रियायती दर पर अनाज दिया जाएगा। फर्जी तरीके से सूची में शामिल अपात्रों के नाम बाहर करने के साथ कार्रवाई भी होगी।
अभी तक सिर्फ 25 फीसदी परिवारों ने फार्म जमा किया है, जिनका सत्यापन जारी है। 12 तक जिनके फार्म जमा नहीं होंगे, उन्हें अप्रैल माह से रियायती दर पर खाद्य सामग्री नहीं दी जाएगी।
-अनिल कुमार, डीएफएससी।