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बिजली-पानी के लिए सड़क पर उतरे ग्रामीण
Jhajjar
Updated Mon, 05 May 2014 12:56 AM IST
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गर्मी बढ़ने के साथ ही क्षेत्र में बिजली और पानी का संकट
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गहराने लगा है। इससे त्रस्त होकर ग्रामीण सड़क पर आने लगे हैं। बेरी के
गांव धौड़ के ग्रामीणों ने समस्या के चलते झज्जर-बेरी मार्ग पर जाम लगा
दिया। सुबह करीब आठ बजे लगा जाम 11 बजे जाकर खुला। बेरी और झज्जर के
तहसीलदार मौके पर पहुंचे। उन्होंने ग्रामीणों को समस्या से निजात दिलाने का
आश्वासन दिया, जिसके बाद जाम खुला। जाम के कारण राहगीरों को काफी दिक्कतों
का सामना करना पड़ा। लोगों ने अपने वाहन दूसरे मार्गों से होकर भी निकाले।
गांव धौड़ में पिछले तीन दिन से बिजली की कमी और पानी की आपूर्ति नहीं होने से खफा ग्रामीणों ने रविवार सुबह धौड़ की मुख्य सड़क पर आकर जाम लगा दिया। गांव की महिलाएं और पुरुष सुबह आठ बजे ही सड़क पर आ गए। यहां सड़क के बीच में अवरोध लगाकर प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी करने लगे।
जाम की वजह से वाहन चालकों और अन्य राहगीरों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा। झज्जर-बेरी की तरफ वाहनों की लंबी कतारें लग गई। जाम की सूचना मिलने पर बेरी की तहसीलदार पूनम, झज्जर के तहसीलदार प्रमोद चहल, झज्जर के थाना प्रभारी सत्यनारायण और बेरी थाना प्रभारी को पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। जाम की सूचना मिलते ही जनस्वास्थ्य विभाग और बिजली विभाग के अधिकारी भी मौके पर पहुंच गए।
गांव वालों ने अधिकारियों को सुनाई खरी खोटी
जाम की सूचना के बाद मौके पर पहुंचे अधिकारियों को ग्रामीणों ने खूब खरी खोटी सुनाई। ग्रामीणों का कहना था कि पिछले एक पखवाड़े से उनके गांव में बिजली और पानी की व्यवस्था खराब है। यहां तक की पिछले तीन दिनों से तो पानी की समस्या इतनी विकराल है कि उन्हें दिनचर्या के कार्य निपटाने में भी काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों का यह भी कहना था कि दिन में तो बिजली बहुत कम समय के लिए आती है। रात में तो बिजली का इतना बुरा हाल है कि उन्हें पूरी रात बैठकर गुजारनी पड़ती है।
ऐसा ही हाल पानी का है। उन्होंने कहा कि गत 29 अप्रैल को गांव में पानी की सप्लाई दी गई थी। लेकिन बाद में विभाग के कर्मचारियों ने सप्लाई की मोटर के खराब होने की बात कह कर पिछले पांच दिनों से गांव में पानी की सप्लाई नहीं दी। अधिकारियों ने ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि उन्हें शेडयूल के हिसाब से बिजली दी जाएगी और पेयजल व्यवस्था को भी सुचारु कर दिया जाएगा। इतना ही नही इस दौरान अधिकारियों ने गांव की बिजली और पानी की सप्लाई भी शुरू कराई। उसके बाद ही ग्रामीणों ने जाम खोला।
गांव धौड़ में गत 29 अप्रैल को पानी की सप्लाई दी गई। उसके बाद जलघर में लगी मोटर खराब होने से समस्या आई है जिससे गांव में पानी की सप्लाई नहीं हो पाई थी। अब मोटर बदलवा दी गई, किसी भी तरह की कोई समस्या नहीं आएगी, गांव में पानी की सप्लाई सुबह 4 से 5 बजे तक दी जाती है बाद में पानी को टंकी में स्टोर किया जाता है। शाम को भी पानी की सप्लाई दी जाती है।
- सत्यनारायण, जेई, जनस्वास्थ्य विभाग
गांव में बिजली की सप्लाई दिन में 1 से 3 बजे तक दी जाती है और शाम को 6 से सुबह 6 तक बिजली की सप्लाई दी जाती है और ओवरलोड की वजह से शेडयूल कट होते हैं नहीं तो गांव में शेडयूल के हिसाब से ही बिजली दी जाती है। - सुरेश हुड्डा, एसडीओ, बिजली विभाग
गांव धौड़ में पिछले तीन दिन से बिजली की कमी और पानी की आपूर्ति नहीं होने से खफा ग्रामीणों ने रविवार सुबह धौड़ की मुख्य सड़क पर आकर जाम लगा दिया। गांव की महिलाएं और पुरुष सुबह आठ बजे ही सड़क पर आ गए। यहां सड़क के बीच में अवरोध लगाकर प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी करने लगे।
जाम की वजह से वाहन चालकों और अन्य राहगीरों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा। झज्जर-बेरी की तरफ वाहनों की लंबी कतारें लग गई। जाम की सूचना मिलने पर बेरी की तहसीलदार पूनम, झज्जर के तहसीलदार प्रमोद चहल, झज्जर के थाना प्रभारी सत्यनारायण और बेरी थाना प्रभारी को पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। जाम की सूचना मिलते ही जनस्वास्थ्य विभाग और बिजली विभाग के अधिकारी भी मौके पर पहुंच गए।
गांव वालों ने अधिकारियों को सुनाई खरी खोटी
जाम की सूचना के बाद मौके पर पहुंचे अधिकारियों को ग्रामीणों ने खूब खरी खोटी सुनाई। ग्रामीणों का कहना था कि पिछले एक पखवाड़े से उनके गांव में बिजली और पानी की व्यवस्था खराब है। यहां तक की पिछले तीन दिनों से तो पानी की समस्या इतनी विकराल है कि उन्हें दिनचर्या के कार्य निपटाने में भी काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों का यह भी कहना था कि दिन में तो बिजली बहुत कम समय के लिए आती है। रात में तो बिजली का इतना बुरा हाल है कि उन्हें पूरी रात बैठकर गुजारनी पड़ती है।
ऐसा ही हाल पानी का है। उन्होंने कहा कि गत 29 अप्रैल को गांव में पानी की सप्लाई दी गई थी। लेकिन बाद में विभाग के कर्मचारियों ने सप्लाई की मोटर के खराब होने की बात कह कर पिछले पांच दिनों से गांव में पानी की सप्लाई नहीं दी। अधिकारियों ने ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि उन्हें शेडयूल के हिसाब से बिजली दी जाएगी और पेयजल व्यवस्था को भी सुचारु कर दिया जाएगा। इतना ही नही इस दौरान अधिकारियों ने गांव की बिजली और पानी की सप्लाई भी शुरू कराई। उसके बाद ही ग्रामीणों ने जाम खोला।
गांव धौड़ में गत 29 अप्रैल को पानी की सप्लाई दी गई। उसके बाद जलघर में लगी मोटर खराब होने से समस्या आई है जिससे गांव में पानी की सप्लाई नहीं हो पाई थी। अब मोटर बदलवा दी गई, किसी भी तरह की कोई समस्या नहीं आएगी, गांव में पानी की सप्लाई सुबह 4 से 5 बजे तक दी जाती है बाद में पानी को टंकी में स्टोर किया जाता है। शाम को भी पानी की सप्लाई दी जाती है।
- सत्यनारायण, जेई, जनस्वास्थ्य विभाग
गांव में बिजली की सप्लाई दिन में 1 से 3 बजे तक दी जाती है और शाम को 6 से सुबह 6 तक बिजली की सप्लाई दी जाती है और ओवरलोड की वजह से शेडयूल कट होते हैं नहीं तो गांव में शेडयूल के हिसाब से ही बिजली दी जाती है। - सुरेश हुड्डा, एसडीओ, बिजली विभाग