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असल जिंदगी के हैं ये कुछ सच

Mon, 27 Aug 2012 12:00 PM IST
- अनुराधा गोयल
- अनुराधा गोयल Updated Mon, 27 Aug 2012 12:00 PM IST
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harsh realities of life
कुमुद (काल्पनिक नाम) की उम्र 47 साल है, कुमुद का बेटा इंजीनियर और बेटी बीबीए कर रही है। पति सरकारी नौकरी में है। भरा पूरा संपन्न परिवार है। पति स्वभाव से शांत, सभ्य हैं। कुमुद भी अपने परिवार के लिए बेहद समर्पित है लेकिन कुमुद को बातचीत का बहुत शौक है। कुमुद का यही शौक उसे उसके पति के जूनियर अशोक की तरफ आकर्षित करने लगता है, जो कि उम्र में कुमुद से छह साल छोटा है। धीरे-धीरे कुमुद और अशोक बेहद करीब आ जाते हैं। नतीजन, कुमुद के घर में कलेश और लड़ाई-झगड़े होने शुरू हो जाते हैं।
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इसी तरह से एक अन्य केस देखें तो श्वेता (काल्पनिक नाम) की उम्र 50 साल है। उसके पति अच्छे पद पर कार्यरत है। उनकी बेटी भी जॉब करती है। घर में ऐशो आराम की कोई कमी नहीं है। श्वेता का खुद का भी बिजनेस है जो वह अपने जेठ के 28 साल के बेटे तरूण (काल्पनिक नाम) के साथ करती है। साथ में बिजनेस करते-करते दोनों के बीच अफेयर हो जाता है।
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तरूण को अपनी गलती का अहसास होता है और वह इस संबंध को आगे बढ़ाना नहीं चाहता लेकिन श्वेता तरूण को बार-बार आत्महत्या करने की धमकी देते हुए अपने से दूर नहीं जाने देती। इन संबंधों को लेकर रिलेशनशिप काउंसलर डॉक्टर नीलम सक्सेना ने कुछ ऐसे ट्रीटमेंट किया कि वे अब नॉमर्ल हैं।
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सवाल- आपकी नजर में बेमेल रिश्ता या अफेयर कहां तक सही है?
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