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मोदी की शरण में आना चाहते हैं येदुरप्पा
अमर उजाला, दिल्ली
Updated Sat, 19 Oct 2013 09:07 PM IST
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कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री और कर्नाटक जनता पार्टी (केजेपी) के प्रमुख बीएस येदियुरप्पा ने अपनी पार्टी को एनडीए का हिस्सा बनाने की कवायद तेज कर दी है।
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उन्होंने पीएम पद के लिए नरेंद्र मोदी की उम्मीदवारी का समर्थन करते हुए अपनी पार्टी को एनडीए में शामिल करने का अनुरोध किया है।
पार्टी के वरिष्ठ नेता और एनडीए के अध्यक्ष लालकृष्ण आडवाणी से अच्छे रिश्ते न होने के बावजूद येदियुरप्पा ने उन्हें चिट्ठी लिख कर कर्नाटक जनता पार्टी को गठजोड़ का हिस्सा बनाने का अनुरोध किया है। उन्होंने कहा है कि एनडीए की बैठकों में अब उनकी पार्टी को भी बुलाया जाए।
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पिछले कुछ अरसे से लगातार इस तरह के संकेत मिल रहे थे कर्नाटक जनता पार्टी बीजेपी में शामिल हो जाएगी। अब जबकि येदियुरप्पा ने एनडीए नेतृत्व को चिट्ठी लिख कर गठबंधन में शामिल होने की इच्छा जताई है तो यह सवाल भी उठने लगा है कि क्या केजीपी का बीजेपी में विलय हो जाएगा।
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दरअसल उन्हें वापस लेने के सवाल पर पार्टी के नेताओं की राय जुदा है। कर्नाटक में खनन घोटाले में मुख्यमंत्री पद से हटाए जाने के बाद येदियुरप्पा ने बीजेपी से नाता तोड़ लिया था।
उन्हें वापस लेने के सवाल पर पार्टी के नेता बंटे हुए हैं। लेकिन येदियुरप्पा ने आडवाणी को चिट्ठी लिख कर कहा है कि मोदी को प्रधानमंत्री बनाने की कोशिश के तहत केजेपी की कार्यकारिणी ने एनडीए में शामिल होने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है।
उन्होंने गठबंधन के अध्यक्ष को याद दिलाया है कि कर्नाटक में मई में हुए विधानसभा चुनाव में केजेपी ने छह सीटें हासिल की थीं और उसे दस फीसदी से ज्यादा वोट मिले थे। चुनाव आयोग ने भी केजेपी को एक क्षेत्रीय पार्टी के तौर पर मान्यता दे दी है।