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बेवफा पति के लिए थाने में धरने पर बैठी पत्नी, दिलचस्प है मामला

Thu, 21 May 2015 04:05 PM IST
Updated Thu, 21 May 2015 04:05 PM IST
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wife sit on strike at police station to save his unfaithful husband

दोनों पैर बेकार होने के बाद इलाहाबाद के बहरिया में अपनी बड़ी बहन के यहां रहकर इलाज करा रही विवाहिता ने बुधवार दोपहर अपने बेवफा पति को पुलिस हिरासत से छुड़ाने के लिए थाने में धरना दया। उसके पति पर एक छात्रा को अगवा करने का आरोप था।

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पुलिस पति को छात्रा समेत पकड़ थाने लाई थी। महिला ने अपने पति को छुड़वाने के लिए पुलिस से काफी मिन्नत की। हाथ भी जोड़े। वो भी तब जबकि दगाबाज पति छह साल की बेटी के साथ उसे बेसहारा छोड़ पांच माह से फरार था। पुलिस ने महिला की नहीं सुनी और उसके पति को जेल भेज दिया।
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थरवई क्षेत्र के हेतापट्टी गांव का शक्ति गुप्ता हरिद्वार में किसी आयुर्वेदिक दवा बनाने वाली एक कंपनी में काम करता है। पिछले साल अगस्त में वह पत्नी माधुरी के साथ घर आया। फिर वह पत्नी के साथ बहरिया के वीरगंज में अपनी साली के यहां गया।
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वहां दुर्योग से माधुरी की साड़ी इंजन के साफ्टीन में फंस गई। उसका एक पैर वहीं कट गया जबकि दूसरे पैर में गहरी चोट पहुंची। माधुरी को गंभीर हालत में शहर के एक नर्सिंगहोम में भर्ती कराया गया। दूसरे पैर को काटकर जोड़ने के बाद डाक्टरों ने उसे अस्पताल से छुट्टी दे दी। शक्ति हरिद्वार चला गया जबकि माधुरी अपनी बड़ी बहन के घर ठहरकर इलाज कराती रही।

ग्यारहवीं की छात्रा को प्रेमजाल में फंसाकर भगा ले गया

wife sit on strike at police station to save his unfaithful husband

जनवरी में शक्ति हरिद्वार से वीरगंज आया तो बगल के गांव में रहने वाली ग्यारहवीं कक्षा की छात्रा को प्रेमजाल में फंसाकर भगा ले गया। छात्रा के परिजनों ने शक्ति के खिलाफ अपहरण का मुकदमा दर्ज कराया। पांच माह तक शक्ति उस छात्रा के साथ लापता रहा। यहां लाचार माधुरी बड़ी बहन के घर में घुट-घुट कर जीती रही। बुधवार को पुलिस ने शक्ति को छात्रा के साथ पकड़ लिया। उसे बहरिया थाने लाया गया।

छात्रा के परिजनों ने उसे घर ले जाने से इंकार कर दिया। इधर माधुरी को पता चला तो वह पति को पुलिस के चंगुल से बचाने के लिए थाने पहुंच गई। उसने दुहाई दी कि पति को जेल भेज दिया गया तो बिन पैरों के उसका क्या होगा।

उसने पति की प्रेमिका यानी छात्रा से भी हाथ जोड़ कर मिन्नत की। मगर कानून से हाथ बंधे होने की वजह से पुलिस को शक्ति को जेल भेजना पड़ा। परिजनों के दुत्कारने की वजह से छात्रा को नारी निकेतन भेज दिया गया। लाचार और असहाय माधुरी को बड़ी बहन अपने घर ले गई।

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