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एक्वेरियम से डरना क्यों?

Tue, 11 Nov 2014 07:37 PM IST
Updated Tue, 11 Nov 2014 07:37 PM IST
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why afraid aquarium

रंग-बिरंगी मछलियों का सुंदर सा एक्वेरियम ड्राइंग रूम में रखा हो, तो माहौल जीवंत हो उठता है। घर में एक्वेरियम रखना सिर्फ एक शौक नहीं, बल्कि अब यह एक आम बात हो गई है। कई बार घर में एक्वेरियम रखने या मछलियां पालने को लेकर लोग आशंकित भी रहते हैं। उन्हें लगता है कि एक्वेरियम रखना वास्तु और घर की सुख एवं समृद्धि के लिहाज से ठीक नहीं है। लेकिन इस तरह के मिथक पर भरोसा करने पर आपका शौक मिट्टी में मिल सकता है। घर में एक्वेरियम रखने की चाहत रखते हैं, तो आशंकाओं से उबरना जरूरी है।

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खर्चीला शौक

एक आम धारणा है कि फिश टैंक का रखरखाव काफी खर्चीला है। यह बात सही नहीं है। वास्तव में एक्वेरियम जितना बड़ा होगा, उसका रखरखाव उतना ही आसान होता है। फ्रेश वाटर में रहने वाली मछलियों का रखरखाव बेहद आसान है और यह ज्यादा खर्चीला भी नहीं है। फ्रेश वाटर में रहने वाली मछलियां नई परिस्थितियों में आसानी से ढल भी जाती हैं। फ्रेश वाटर टैंक के रखरखाव की बात करें, तो फिश फूड, पर्याप्त लाइटिंग और फिल्टरिंग का ध्यान रखना जरूरी है। और इन चीजों का खर्च बेहद कम होता है।
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छोटा नहीं बड़ा टैंक
अगर आप एक्वेरियम रखने जा रहे हैं, तो छोटे टैंक से शुरुआत करना गलत है। छोटे टैंक का रखरखाव मुश्किल होता है। बडे़ टैंक का रखरखाव आसान होता है और इसमें मछलियों की मृत्यु दर भी कम होती है। किसी बॉल में फिश (खासतौर पर गोल्ड फिश) रखना सबसे खराब आइडिया है। चहलकदमी करने का स्पेस बॉल में कम होता है। ऐसे में मछलियों की मौत हो सकती है।
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झंझटों से डर लगता है क्या

why afraid aquarium

टैंक वाटर बदलने का झंझट
कई लोगों को लगता है कि हर रोज एक्वेरियम का पानी बदलना एक बड़ा झंझट है। जबकि ऐसा नहीं करना होता, क्योंकि हर रोज पानी बदलने से मछलियों की मौत हो सकती है। पानी में मौजूद बैक्टिरिया मछलियों को जिंदा रहने में मददगार होते हैं। इसलिए टैंक का पानी पूरी तरह नहीं बदलना चाहिए। सप्ताह में एक बार सिर्फ 10-20 प्रतिशत पानी ही बदलने की जरूरत होती है। अगर फिल्टरेशन सिस्टम है, तो एक महीने के अंतराल में 30-50 प्रतिशत तक पानी बदल सकते हैं।

नेचुरल एन्वायरमेंट नहीं

किसी पेट शॉप में मिलने वाली मछलियां प्राकृतिक आवास से नहीं लाई जाती, बल्कि इन मछलियों की ब्रीडिंग नियंत्रित वातावरण में होती है। प्राकृतिक आवास में इन मछलियों के लिए जिंदा रहना आसान नहीं होगा। अगर किसी तालाब या फिर नदी में इन मछलियों को डाल दिया जाए तो वो दूसरी मछलियों की आसान शिकार बन सकती हैं।

कैटफिश टैंक रखती है क्लीन
अगर टैंक में काई है, तो इसे साफ करना पड़ता है, क्योंकि मछली टैंक की सफाई नहीं करती। ऐसे में संभावना कम ही है कि कैटफिश आपके एक्वेरियम टैंक को साफ रखेगी।

ज्यादा आबादी नहीं

यह समझना सही नहीं है कि टैंक में मछलियों की अधिक संख्या नुकसानदायक हो सकती है। इतना जरूर समझ लें कि मछलियों को अपने उत्सर्जित अपशिष्ट को मैनेज करना होता है। ऐसा नहीं होगा, तो अपशिष्ट जहर बनकर मछलियों की जान ले सकता है। इसलिए निर्धारित मात्रा में पानी की उपलब्‍धता और तय समय पर पानी बदलना एक्वेरियम की मछलियों की सेहत के लिए फायदेमंद होता है।

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