जानिए आखिर क्यों स्वास्थ्य सचिव पर बरस पड़े पीएम मोदी?
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सामाजिक विकास की योजनाओं में खामियों पर चिंता जताई है। पूर्व सैनिकों को पेंशन मिलने में आ रही दिक्कतों को दूर करने के साथ पीएम ने सीजीएचएस कार्ड के नवीनीकरण में होने वाली देरी के लिए स्वास्थ्य सचिव को फटकार लगाई है।
प्रगति अभियान के तहत भारत सरकार की परियोजनाओं की समीक्षा करते हुए पीएम ने अधिकारियों से कहा कि वे चपरासी और निचले स्तर के कर्मचारियों के हित को तरजीह दें।
दरअसल हुआ यूं कि वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए चल रही समीक्षा में स्वास्थ्य सचिव ने केंद्रीय कर्मचारियों को मिलने वाले सीजीएचएस कार्ड और लंबित संख्या का जब आंकड़ा पेश किया तो पीएम ने उनसे पूछा कि नवीनीकरण हो चुके कार्डों की संख्या कितनी है और कितने दिनों में बाकी का नवीनीकरण हो पाएगा।
इस पर नौकरशाही अंदाज में स्वास्थ्य सचिव ने कहा कि लगभग 12 लाख कार्डों का नवीनीकरण होना है। यह काम 45 दिनों में संपन्न हो जाएगा। इतना सुनते ही पीएम मोदी ने कहा कि आप मेरा कार्ड छोड़ दीजिए। मेरा कार्ड तो आप आधे घंटे में बना देंगे। लेकिन आप चपरासी स्तर और निचले स्तर के कर्मचारियों के कार्ड का पांच दिन में नवीनीकरण करवाने का प्रयास करें।
पीएम बोले यह ठीक नहीं
इससे पहले पीएम ने रक्षा सचिव और केंद्रीय सैनिक बोर्ड के सचिवों से चर्चा कर पूर्व सैनिकों की पेंशन में आने वाली दिक्कतों को जल्द दूर करने को कहा। पीएम ने कहा कि देश की सेवा करने वाले सैनिकों को रिटायरमेंट के बाद पेंशन लेने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। यह ठीक नहीं है।
इसके अलावा पीएम ने अपने चंद घंटों की समीक्षा बैठक में दिल्ली मेट्रो से लेकर यूपी, उत्तराखंड, पश्चिम बंगाल, महाराष्ट्र और गुजरात की रेल परियोजनाओं का भी हाल जाना। पीएम ने यूपी की बिजली ट्रांसमिशन लाइनों की परेशानियां दूर करने का सुझाव दिया। रेलवे बोर्ड के चेयरमैन से ललितपुर-खजुराहो-सतना-रीवा और सिंगरौली रेल लाइन के कामकाज का जायजा लिया।
इस काम में आने वाली परेशानियों को दूर करने के लिए यूपी के प्रमुख सचिव भी चर्चा में शामिल थे। उत्तराखंड के नए विधानसभा भवन और सचिवालय बनने में आ रही परेशानी के लिए पीएम ने वन एवं पर्यावरण सचिव के अलावा सूबे के प्रमुख सचिव से मंत्रणा कर परियोजना की गति तेज करने को कहा।
जम्मू-कश्मीर के छात्रों को दी जाने वाली प्रधानमंत्री विशेष छात्रवृत्ति योजना की रफ्तार को लेकर पीएम ने मानव संसाधन मंत्रालय के सचिव और राज्य के मुख्य सचिव से चर्चा की। बुनियादी विकास की तमाम परियोजनाओं का हाल जानने के लिए पीएम ने हरियाणा में मेट्रो के विस्तार पर भी चर्चा की।