फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   News Archives ›   India News Archives ›   What's Vishal obama connection?

झांसी के 16 साल के विशाल का क्या है ओबामा 'कनेक्शन'?

Wed, 28 Jan 2015 01:55 PM IST
Updated Wed, 28 Jan 2015 01:55 PM IST
विज्ञापन
What's Vishal obama connection?

उत्तर प्रदेश के झांसी जिले का एक अनजान गांव, कटेरा उस समय चर्चा में आ गया जब यहां के एक बेटे की चर्चा अमेरिकी राष्ट्रपति ओबामा ने कर दी।

विज्ञापन


हम बात कर रहे हैं विशाल अहिरवार की, जिसका नाम ओबामा ने सीरीफोर्ट ऑडिटोरियम में कार्यक्रम के दौरान लिया। ओबामा ने न केवल विशाल के नाम की चर्चा की बल्कि उसकी संघर्ष गाथा भी लोगों को बताई।
विज्ञापन


आप सोच रहे होंगे आखिर विशाल कौन है और इसके बारे में ओबामा को कहां से जानकारी मिली? आपको जानकर हैरानी होगी कि विशाल का ओबामा 'कनेक्शन' आज का नहीं करीब 4 साल पुराना है। जब विशाल एक मजदूर के तौर पर काम करता था।
विज्ञापन
विज्ञापन

2010 में विशाल से मिले थे ओबामा

What's Vishal obama connection?

विशाल और ओबामा की पहली मुलाकात साल 2010 में ही हुई थी जब अमेरिकी राष्ट्रपति पहली बार भारत के दौरे पर आए थे।

उस समय ओबामा दिल्ली स्थित हुमायूं का मकबरा देखने पहुंचे थे तभी उन्होंने विशाल को वहां मजदूरों के साथ काम करते हुए देखा। उस समय ASI की टीम ओबामा को हुमायूं का मकबरा दिखाने ले गई थी। उसी समय विशाल से ओबामा ने खास मुलाकात की।

उस मुलाकात को याद करते हुए विशाल के पिता रामदास ने बताया कि जब हम ओबामा जी मिले थे तो अमेरिकी राष्ट्रपति ने मेरे बेटे विशाल को एक पेन, सोने का सिक्का और स्मृति चिन्ह भेंट किया। इसके साथ-साथ उन्होंने विशाल से हाथ भी मिलाया था। रामदास ने ये बातें टाइम्स ऑफ इंडिया से बातचीत में बताई है।

विशाल के पिता ने याद किए वो पल

What's Vishal obama connection?

विशाल के पिता ने बताया कि ओबामा ने उस समय जो सोने का सिक्का दिया था उसमें अमेरिकी राष्ट्रपति की मुहर लगी हुई थी, साथ-साथ वाशिंगटन भी लिखा हुआ था।

ASI के अधिकारियों के मुताबिक उस मुलाकात के बाद से ओबामा खुद विशाल की शिक्षा को लेकर गंभीर हो गए। हालांकि विशाल के पिता ने बताया कि जिस स्कूल में विशाल पढ़ाई कर रहा था वो दो साल पहले ही बंद हो गया।

अब जबकि इस बार फिर ओबामा ने अपने भारत दौरे के दौरान सीरीफोर्ट ऑडिटोरियम में उनके बेटे विशाल की चर्चा की, इससे लगता है कि उन्हें जरूर फायदा होगा। इतना ही नहीं विशाल के गांव कटेरा के 4 हजार लोग भी अब इसको लेकर सपने देख रहे हैं।

किसान और एनजीओ संचालक महादेव भास्कर का कहना है कि विशाल के जरिए हमें उम्मीद है कि हमारे गांव में एक कॉलेज होगा। जिसमें गरीब परिवारों के बच्चे उच्च शिक्षा हासिल करेंगे। ये उनकी ओर से यहां के गरीबों को आशीर्वाद होगा।

वहीं एक और ग्रामीण की मानें तो हम रामदास और उनके परिवार का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। जब वो यहां आएंगे तो हम सभी उनका जोरदार स्वागत करेंगे।

विशाल के बगल में बैठी थी मिशेल

What's Vishal obama connection?

विशाल के पिता रामदास ने आगे बताया कि जब इस बार हमारी मुलाकात अमेरिकी राष्ट्रपति से हुई तो "मैंने अपने गांव में एक कॉलेज खोलने के लिए अपनी जमीन देने की पेशकश कर दी। जिस पर ओबामा सर मुस्कराने लगे।"

रामदास ने बताया कि इस मुलाकात के दौरान हमने ओबामा और उनकी पत्नी मिशेल के साथ एक तस्वीर भी खिंचवाई। ये तस्वीरें हमें अमेरिकी दूतावास के जरिए मुहैया कराई जाएगी। इसके साथ-साथ मिशेल ओबामा ने रामदास के दोनों बच्चों को एक पेन भी गिफ्ट की।

वहीं जब विशाल से ओबामा की इस मुलाकात के बारे में पूछ गया तो उसने बताया कि वो इस बात से रोमांचित और भाग्यशाली महसूस कर रहा है क्योंकि सीरीफोर्ट ऑडिटोरियम में वो मिशेल ओबामा के बगल में बैठा था। ये पल उसके लिए बेहद खास था।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed