नई सरकार से मिलने के लिए अमेरिकी विदेश मंत्री का भारत दौरा
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अमेरिकी विदेश विभाग ने इस बारे में एक बयान जारी कर कहा, ''सहायक विदेश मंत्री बिस्वाल छह जून से नौ जून तक भारत का दौरा करेंगी, जहां वो नई सरकार के कई बड़े अधिकारियों से मुलाक़ात करेंगी। भारत में वो द्विपक्षीय और क्षेत्रीय मुद्दों से जुड़े सभी पहलुओं की समीक्षा करेंगी।''
भारत में चुनावों के बाद ये किसी भी वरिष्ठ अमेरिकी अधिकारी की पहली भारत यात्रा है। निशा देसाई बिस्वाल के दिल्ली में सामरिक मामलों के कई जानकारों और उद्योगपतियों से भी मुलाक़ात करने की संभावना है।
भारत में नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली एनडीए सरकार के गठन के बाद राष्ट्रपति बराक ओबामा ने मोदी को बधाई दी थी और उन्हें व्हाइट हाउस आने का न्योता दिया था।
मोदी को मिले भारी जनादेश से प्रभावित है अमेरिका
मीडिया ने पिछले दिनों निशा देसाई बिस्वाल से जब बात की थी तब उन्होंने कहा था, ''अमेरिका और भारत के भावी रिश्तों को लेकर हम बहुत सकारात्मक हैं। ऐसे कई मसले हैं जिन पर हम आगे बढ़ना चाहते हैं। ताकि भारत और क्षेत्र में समृद्धि की दिशा में आगे बढ़ा जा सके।''
उसी बातचीत में गुजरात दंगों के बारे में पूछे गए सवाल पर उनका कहना था, ''2002 में गुजरात में जो कुछ हुआ वो बहुत परेशान करने वाला है। हमने स्पष्टता से और लगातार अपनी चिंताएं ज़ाहिर की हैं। मोदी पर दो अदालती मामले रहे हैं लेकिन भारतीय मतदाताओं ने मोदी को मज़बूत जनादेश दिया है।''
उन्होंने आगे कहा था कि मोदी को मिला जनादेश आर्थिक अवसरों के लिए, प्रभावी प्रशासन के लिए और समावेशी विकास के लिए है जिसका अमेरिका भी समर्थन करता है।
निशा ने कहा था, ''हम उनके (मोदी) साथ काम करना चाहते हैं। हम साझा मसलों और मूल्यों के आधार पर भारत के साथ रिश्तों में आगे बढ़ना चाहते हैं।''