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'हमारी बिटिया का ना बस्ता मिला और न साइकिल, पुलिस पर कैसे भरोसा करें'

Sat, 16 Jan 2016 12:59 PM IST
Updated Sat, 16 Jan 2016 12:59 PM IST
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up government minister chaudhary sahab singh face anger of village people

उत्तर प्रदेश के बागपत में बिटिया के हत्याकांड के खुलासे से उसके परिजन और गांव के लोग पूरी तरह से असंतुष्ट है। उन्होंने कहा कि 18 जनवरी को बिटिया की तेरहवी में जो निर्णय होगा। उसी के आधार पर काम किया जाएगा। उधर प्रदेश सरकार के पशुधन विभाग के सलाहकार चौधरी साहब सिंह को खिंदौड़ा गांव में भारी विरोध का सामना करना पड़ा।

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शुक्रवार को छात्रा के परिवार को सांत्वना देने पहुंचे ग्रामीणों ने पुलिस के खुलासे पर असहमति जताई। बिटिया के नाना ने कहा कि उनकी धेवती का ना तो बस्ता मिला है और न ही साइकिल ऐसे में वह पुलिस के खुलासे पर कैसे विश्वास करें। पुलिस उसकी हत्या की वजह तक ढंग से नही बता रही।
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पुलिस कोई तो सबूत दे जिससे वह संतुष्ट हों, वह नहीं चाहते कि कोई बेकसूर जेल जाए। ग्रामीणों ने कहा कि 18 जनवरी को बिटिया की तेरहवीं में हजारों लोग आएंगे, वह लोग ही निर्णय करेंगे कि आगे क्या किया जाए। इसी दौरान वहां प्रदेश सरकार के पशुधन विभाग के सलाहकार चौधरी साहब सिंह और पूर्व जिलाध्यक्ष प्रदीप ठाकुर पहुंचे।
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नेताओं से उन्हें कोई उम्मीद नहीं

up government minister chaudhary sahab singh face anger of village people

चौधरी साहब सिंह ने जैसे ही खड़े होकर बोलना शुरू किया, लोग वहां से चल दिए। कई लोगों ने तो यहां तक कहा कि ये तो सरकार के लोग हैं। पुलिस सरकार की होती है। इन नेताओं से उन्हें कोई उम्मीद नहीं है।

साहब सिंह ने लोगों को आश्वासन दिया कि वे गांव और क्षेत्र के लोगों के साथ है। केस के बारे में एसपी बागपत से बातचीत की जाएगी। किसी निर्दोष को नहीं फंसने दिया जाएगा।

सैडभर और खिंदौड़ा दोनों गांव पर पुलिस ने पहरा बिठा दिया है। गोपनीय रूप से पुलिस और खुफिया तंत्र को वहां सक्रिय किया गया है। पीड़ित परिवार और आरोपियों के यहां आने जाने वालों पर निगाह रखी जा रही है।

पता किया जा रहा है कि कौन लोग यहां आ रहे हैं और क्या कह रहे हैं। गांव वालों का रुख कैसा है? कहीं किसी पंचायत आदि की तैयारी तो नहीं हो रही। इन तमाम बातों की पुलिस पल पल की जानकारी ले रही है।

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