अब 'भक्तों' के दिन पूरे हुए, ट्विटर पर छिड़ी मुहिम
ट्विटर पर ऐसा कई बार होता है कि आप किसी पार्टी की आलोचना करें तो उस पार्टी के समर्थक (भक्त) आपके पीछे पड़ जाते हैं।
‘भक्तों’ की गाली-गलौज का सामना कई लोगों को अक्सर करना पड़ता है लेकिन अब ऐसे अकाउंटों को ही निशाना बनाया जा रहा है जिनका इस्तेमाल गालियों और भद्दे कमेंट्स के लिए किया जाता है, ट्विटर से उन्हें हटाने की मुहिम चल रही है।
ऐसे दो हैंडल हैं जो गाली-गलौज करने वाले अकाउंटों को न केवल रिपोर्ट कर रहे हैं बल्कि उन्हें सस्पेंड भी करवा रहे हैं। @Bhakthunters एक ऐसा ही ग्रुप है जो कहता है—“अब भक्तों के दिन पूरे हुए। हम तुम पर नज़र रखे हुए हैं”। इस ग्रुप का दावा है कि पिछले कुछ दिनों में उन्होंने 10 से अधिक अकाउंट सस्पेंड कराए हैं।
10 ट्वीट और 2 हजार फॉलोवर
इस ग्रुप ने अब तक मात्र 15 ट्वीट किए हैं और इसके दो हज़ार से अधिक फ़ॉलोअर हैं। लेकिन यह अकेला अकाउंट नहीं है। एक और अकाउंट है @AAPTardHunters जिसने हजार से अधिक ट्वीट किए हैं और इसके चार हजार से अधिक फॉलोअर्स हैं।
इस हैंडल का भी दावा है कि वो आम आदमी पार्टी के गाली-गलौज करने वाले समर्थकों की प्रोफाइल रिपोर्ट करता है और उन्हें सस्पेंड करवाता है। यह हैंडल एटीसी ग्रुप से भी जुड़ा हुआ है
माना जाता है कि ट्विटर पर भारतीय जनता पार्टी और आम आदमी पार्टी दोनों के कार्यकर्ता बेहद सक्रिय हैं और कई बार वो अपने ख़िलाफ़ होने वाले ट्वीट्स पर गाली-गलौज भी करते हैं।
फॉर्म भरकर करनी होती है शिकायत
इस बारे में पूछे जाने पर ट्विटर का कहना था, “ट्विटर पर किसी अकाउंट को सस्पेंड करने के लिए एक फॉर्म भरना होता है और उसके बाद ट्विटर जांच करता है कि ये अकाउंट्स वाकई गाली गलौज कर रहे हैं या नहीं”।
ट्विटर प्रवक्ता ने बीबीसी हिंदी से कहा, “हमने हाल में अपनी एक नीति में सुधार किया है, पहले ये धमकी किसी के खिलाफ सीधी होनी होती थी लेकिन अब अगर कोई किसी के खिलाफ हिंसा की धमकी देता है या हिंसा को प्रमोट करता है तो वो गाली-गलौज वाला ट्वीट माना जाएगा। इसके अलावा अब हमारे पास ये सुविधा भी है कि हम ऐसे किसी भी अकाउंट को एक निर्धारित समय के लिए बंद भी कर सकते हैं”।
ऐसा लगता है कि @Bhakthunters या @AAPTardHunters ने ट्विटर के नियमों को फॉलो करते हुए ही कई अकाउंट सस्पेंड कराए हैं यानी कि किसी भी गाली गलौज वाले अकाउंट को पूरा फॉर्म भरकर रिपोर्ट किया गया और फिर इन अकाउंटों को नियमों का उल्लंघन करता हुआ पाया गया और वे सस्पेंड हो गए।