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यूपी: थाने से दुल्हन बनकर विदा हुई दो बहनें

Thu, 27 Nov 2014 02:13 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, कुंदरकी (मुरादाबाद)
ब्यूरो/अमर उजाला, कुंदरकी (मुरादाबाद) Updated Thu, 27 Nov 2014 02:13 PM IST
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Two Sisters Got Married to Their Respective Lovers in Prison

प्रेमियों से शादी कराने की फरियाद लेकर मुरादाबाद में कुंदरकी थाने पहुंची दो बहनें शाम को दुल्हन बनकर विदा हुईं। पुलिस के दखल के बाद दोनों के परिजन भी उनके प्रेमियों से निकाह कराने के लिए तैयार हो गए। इसके बाद थाने के पास ही एक ईंट भट्ठे पर निकाह के इंतजाम हुए और शाम को दोनों बहनें दुल्हन बनकर अपनी-अपनी ससुराल को विदा हो गईं।

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बुधवार सुबह नानपुर निवासी अफरोज अपनी चचेरी बहन शबनम के साथ कुंदरकी थाने पहुंची और थानाध्यक्ष से कहा कि वह दोनों दो युवकों से प्रेम करती हैं और अपने-अपने प्रेमियों के साथ शादी करना चाहती हैं। लेकिन परिवार वाले और कुछ रिश्तेदार इस रिश्ते को मानने के लिए तैयार नहीं हैं और अड़ंगे लगा रहे हैं। युवतियों ने कहा कि यदि उनकी शादी उनके प्रेमियों के साथ नहीं कराई गई तो वह घर नहीं लौटेंगी। इसके बाद पुलिस ने दोनों युवकों को थाने बुला लिया। युवक और युवतियों के परिजन भी थाने बुला लिए गए। दो घंटे की मशक्कत के बाद दोनों पक्ष प्रेमी जोड़ों के निकाह पर रजामंद हो गए।
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इसके बाद थाने के बगल में ईंट भट्ठे की कोठरी में हाफिज मोहम्मद आसिफ ने प्रेमी से दुल्हा बने महबूब निवासी सिकन्दपुर थाना मझोला का निकाह युवती अफरोज से जबकि आलम निवासी भोजपुर का निकाह युवती शबनम से कराया। निकाह के बाद शामिल लोगों ने दुल्हा-दुल्हनों को दुआओं से नवाजा गया और छुआरे बांटे गए। निकाह होने के बाद में दोनों युवतियां सुसराल के लिए रवाना हो गईं।
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आखिर चोरी छुपे की मुहब्बत को हासिल हुआ मुकाम

Two Sisters Got Married to Their Respective Lovers in Prison

नानपुर गांव में कारखाने में काम करने वालों युवकों से प्रेम प्रंसग के जाल फंसी युवतियां को विरोध का सामना करना पड़ रहा था। पहले तो चोरी छुपे सब कुछ चलता रहा लेकिन एक साल बाद में परिजनों को भी प्रकरण का आभास होने पर बंदिशें भी हो रही थीं तथा पड़ोसी भी बाधक बनते जा रहे थे जिसकी वजह से प्रेमी भी ध्यान कम ही दे रहे थे। प्रेम में धोखे का भी डर सता रहा था।

बंदिशों को तोड़ते हुए दो युवतियों ने थाने पहुंच कर पुलिस से गुहार लगाई और लम्बी जद्दोजहद के बाद मुहब्बत को मुकाम हासिn हो गया। जागरूक लोगों का कहना था कि पुलिस ने भी मौका देकर सही किया वहीं निकाह में कराने में भूमिका निभाने वालों के कदम को सराहा गया।

थाने की बगल में हुआ दो प्रेमी युगलों का निकाह लोगों के बीच चर्चा का विषय बना रहा। निकाह के दौरान लोगों की भीड़ जुटती चली गई। बुजुर्ग लोग तो दूल्हों के साथ निकाह के दौरान बैठे जबकि काफी संख्या में कुर्सियों पर बारातियों के तरह विराजमान थे। निकाह के दौरान एसओ ध्रुव कुमार और अन्य पुलिस कर्मियों भी नजर आए। निकाह हो जाने पर छुआरे बांटे गए और बाद नाश्ता हुआ।

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