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दिल का दौरा पड़ने से हुई सुभाष तोमर की मौत

Wed, 26 Dec 2012 05:14 PM IST
नई दिल्ली/इंटरनेट डेस्क
नई दिल्ली/इंटरनेट डेस्क Updated Wed, 26 Dec 2012 05:14 PM IST
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there were no bruises on the body of subhash tomar says doctor

दिल्ली पुलिस ने दावा किया है कि सुभाष चंद तोमर की मौत सीने पर लगी चोट के बाद पड़े दिल का दौरे के कारण हुई। सुभाष चंद तोमर की पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आ गई है।

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रिपोर्ट का हवाला देते हुए दिल्ली पुलिस ने बताया कि सुभाष तोमर को किसी चीज से सीने पर चोट लगी, जिसके बाद उन्हें दिल का दौरा पड़ा। दिल का दौरा पड़ने से ही उनकी मौत हुई।
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पुलिस ने बताया कि सुभाष के पैर में भी चोट आई थी। वहीं, राम मनोहर लोहिया अस्पताल के मेडिकल सुपरिटेडेंट डॉ. पीएस सिद्धू ने बताया कि सुभाष चंद तोमर को जब अस्पताल लाया गया तब उनकी हालत काफी गंभीर थी लेकिन उनके शरीर पर किसी गंभीर चोट के निशान नहीं थे।
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गौरतलब है कि इंडिया गेट पर उग्र प्रदर्शन के दौरान घायल हुए दिल्ली पुलिस के कांस्टेबल सुभाष चंद तोमर की मौत को लेकर अलग-अलग दावे किए जा रहे हैं।

केंद्रीय गृह मंत्रालय ने सुभाषचंद तोमर की मौत की बाबत एक रिपोर्ट तलब की है।  मृतक कांस्टेबल सुभाष तोमर के बेटे आदित्य ने कहा है कि उनके पिता को प्रदर्शनकारियों ने बुरी तरह पीटा गया, जिससे उनकी मौत हुई। इस मामले में पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट भी नहीं आई है।  

वहीं मंगलवार को योगेंद्र नामक प्रत्यक्षदर्शी ने दावा किया है कि कांस्टेबल सुभाष उनके सामने भागते हुए आए थे और गिर पड़े। योगेंद्र ने एक टीवी चैनल को बताया कि तोमर की पिटाई किसी प्रदर्शनकारी ने नहीं की थी।

योगेंद्र का कहना है कि उन्होंने खुद कांस्टेबल की मदद भी की। घटनास्थल पर कोई एंबुलेंस नहीं था इसलिए उन्होंने इसकी सूचना पुलिस को दी। बाद में पुलिस की मदद से कांस्टेबल को अस्पताल में भर्ती कराया गया।

एक और प्रत्यक्षदर्शी पाओलिन ने टीवी चैनल को बताया कि सुभाष चंद तोमर खुद गिरे थे। भीड़ के दौरान सुभाष ने अपना संतुलन खो दिया और गिर पड़े। मेरे अलावा कुछ और लोगों ने उनकी मदद भी की। इस दौरान उन्हें शरीर कोई चोट नहीं लगी। हालांकि दो मिनट बाद ही पुलिस भी वहां पहुंच गई।

दिल्ली पुलिस ने कांस्टेबल की मौत के लिए कुछ प्रदर्शनकारियों को जिम्मेदार ठहराया है। दिल्ली पुलिस कमिश्नर नीरज कुमार ने पत्रकारों को बताया कि तोमर की मौत गले, छाती और पेट में लगी अंदरूनी चोट की वजह से हुई। इस मामले में हत्या का मुकदमा दर्ज कर 8 लोगों को गिरफ्तार किया गया है।


कांस्टेबल की मौत पर विवाद को देखते सरकार ने क्राइम ब्रांच से कांस्टेबल की मौत की जांच कराने का फैसला किया है। वहीं गृह मंत्रालय ने सुभाष चंद तोमर के परिवार को 10 लाख रुपये मदद देने का ऐलान किया है।

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