सेना को किया आगाह, आतंकी कर सकते हैं हमला
हिजबुल मुजाहिदीन के आतंकवादियों के खिलाफ कार्रवाई में कर्नल एमएल राय और जम्मू-कश्मीर पुलिस के हेड कांसटेबल संजीव सिंह की शहादत के बाद सेना राज्य में अपना ऑपरेशन सघन करेगी।
कर्नल राय और संजीव की मौत के एक दिन पहले 26 जनवरी को तकनीकी खुफिया विभाग (एनटीआरओ) को मिले इंटरसेप्ट ने घाटी में मौजूद सुरक्षा एजेंसियों को सजग कर दिया गया है।
इंटरसेप्ट के मुताबिक पाकिस्तान में बैठे आतंक के आकाओं ने घाटी में छिपे अपने गुर्गों को वर्दीधारियों के कत्ल का फरमान जारी किया है।
गृहमंत्रालय के उच्चपदस्थ सूत्रों ने अमर उजाला को बताया कि एनटीआरओ यह पता चला है कि जम्मू-कश्मीर के सोपोर के डीएसपी आतंकियों के निशाने पर हैं। इस डीएसपी ने पिछले दिनों हुई एक कार्रवाई में अबू आशिक नाम के लश्कर-ए-ताइबा के आतंकी को मार गिराया था।
लश्कर के आतंकी की मौत का बदला
घाटी में मौजूद लश्कर के आतंकी आशिक की मौत का बदला लेने पर आमादा हैं। सेना के अधिकारियों के मुताबिक पाक आकाओं की योजना के तहत घाटी के सभी गुटों से आतंकियों ने हाथ मिला लिया है।
राज्य में हुए सफल चुनाव से बौखलाए आतंकी संगठन घाटी में आतंक का नया खेल खेलने की फिराक में हैं। इनकी योजना है कि सेना और अन्य सुरक्षा एजेंसियों से बचने के बजाए उन पर सीधा हमला बोला जाए। अधिकारी ने बताया कि राज्य में चुनाव के बावजूद सरकार गठन पर लंबे समय से चले आ रहे असमंजस की स्थिति से हालात नाजुक हो रहे हैं।
आतंकी इस बात का फायदा उठाना चाहते हैं। वह राज्यपाल एनएन बोहरा को दिल्ली का नुमाइंदा समझते हैं। इस आधार पर आतंकी तंत्र लोगों में गलतफहमी पैदा करने की भरपूर कोशिश कर रहा है। इन अंदेशे ने सुरक्षा एजेंसियों के सामने नई चुनौती खड़ी कर दी है।