फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   News Archives ›   India News Archives ›   Terrorist ajaz said three more suspect Hidden in deoband.

आतंकी एजाज का खुलासा देवबंद में छिपे हैं तीन आंतकी

Sun, 07 Sep 2014 12:58 PM IST
Updated Sun, 07 Sep 2014 12:58 PM IST
विज्ञापन
Terrorist ajaz said three more suspect Hidden in deoband.

इंडियन मुजाहिद्दीन के आंतकी एजाज शेख की गिरफ्तारी ने बड़ा सवाल खड़ा किया है कि आखिरी बार-बार सहारनपुर ही क्यों? पहले जैश ए मोहम्म्द, फिर लश्कर ए तैयबा और अब इंडियन मुजाहिद्दीन...।

विज्ञापन


इन खतरनाक आंतकी संगठनों से यहां के कनेक्शन से उन संभावनाओं को भी बल मिलने लगा है कि वेस्ट यूपी में स्लीपर सेल सक्रिय हैं। पुलिस अधिकारी भी इस बात को मान रहे हैं।
विज्ञापन


यह बात इसलिए भी पुष्ट हो रही है कि एजाज शेख ने दिल्ली स्पेशल सेल के सामने खुलासा किया है कि देवबंद में तीन आंतकी छुपे हुए हैं।

करीब 20 साल पहले जैश ए मोहम्मद के चीफ मौलाना मसूद अजहर को छुड़ाने के लिए यहां पांच विदेशी नागरिकों को बंधक  बनाया गया। पाक के लिए जासूसी के आरोप में पकड़ा गया शाहिद इकबाल भट्टी उर्फ देवराज सहगल सहारनपुर में रहा।
विज्ञापन
विज्ञापन

सहारनपुर और मऊ के फोन नंबर मिले

Terrorist ajaz said three more suspect Hidden in deoband.

जनवरी, 2010 में भी रुड़की के गंगनहर थाना पुलिस के साथ एटीएस, एसटीएफ द्वारा पकड़े गये आईएसआई एजेंट आबिद अली उर्फ असद अली उर्फ अबू बकर निवासी हंजरवाल, थाना ठोकर न्याजबेग, लाहौर से भी गोपनीय दस्तावेज और रुड़की छावनी का नक्शा बरामद हुआ था।

उसने सहारनुपर के छुटमलपुर में रहकर यह जानकारियों एकत्रित की थी। मार्च, 2010 को मुंबई में आतंकी संगठन लश्कर के रियाज, अब्दुल लतीफ को मुंबई एटीएस ने पकड़ा था। उसके पास से सहारनपुर और मऊ के फोन नंबर मिले थे।

हाल ही में लश्कर आतंकी अब्दुल सुभान के पुत्र आलम को भी दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने देवबंद से हिरासत में लिया था। वह यहां रहकर पढ़ाई कर रहा था। अब्दुल सुभान पर आरोप है कि उसने मुजफ्फरनगर दंगा प्रभावित इलाकों का दौरा कर यहां के युवकों का ब्रेन वॉश कर संगठन से जोड़ा था।

वह पाकिस्तान में बैठे लश्कर कंमाडर जावेद बलूची से सीधे संपर्क में था। अल सुबह सहारनपुर रेलवे स्टेशन से पकड़ गये इंडियन मुजाहिद्दीन के आंतकी एजाज सईद शेख से फिर जिले का नाम चर्चा में है।

'सहारनपुर में कई स्लीपर सेल सक्रिय'

Terrorist ajaz said three more suspect Hidden in deoband.

सवाल उठ रहा है कि बार-बार सहारनपुर ही क्यों? पकड़े गये एजाज शेख ने दिल्ली स्पेशल सेल के सामने खुलासा किया है कि देवबंद क्षेत्र में तीन आंतकी छिपे हुए हैं। पुलिस सूत्र बताते हैं कि सहारनपुर में कई स्लीपर सेल सक्रिय हैं।

इनमें विशेष प्रशिक्षण प्राप्त गुप्त एजेंट भी कार्य कर रहे हैं। उन्होंने ऐसा कौशल और तकनीक विकसित कर ली, जिससे पुलिस को भनक न लग सके। मुजफ्फरनगर दंगे के दौरान शिविरों में आंतकियों द्वारा प्रयोग किये गये सेटेलाइट फोन की लोकेशन भी सहारनपुर में मिली थी।

उधर, एसएसपी राजेश पांडेय का कहना है कि आतंकी सक्रियता को लेकर पुलिस बेहद अलर्ट है। हम स्लीपर सेल की तलाश में जुटे हैं। खुफिया इकाइयों को भी सतर्क रहने के आदेश दिए गए हैं।

क्या है स्लीपर सेल
स्लीपर सेल अपने मूल प्रदेश या प्रांत में विशेष प्रशिक्षण पाए गुप्त एजेंटों से लैस होता है।

हथियार, आधुनिक संचार उपकरण और अन्य साजों सामान से लैस रहने वाले एजेंटों को निशाना बनाने वाले देश या प्रदेश की संस्कृति या समुदाय में खुद को खपाने की जिम्मेदारी देकर भेजा जाता है।

दहशत फैलाने के साथ आतंकी संगठन ऐसे ही स्लीपर सेल्स से खुफिया जानकारी भी प्राप्त करते हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed