फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   News Archives ›   India News Archives ›   suspend kalmadi verma bhanot from IOA IOC Ethics Commission

कलमाडी की दावेदारी पर आईओसी ने लगाया ब्रेक

Sun, 07 Oct 2012 01:08 AM IST
नई दिल्ली/अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली/अमर उजाला ब्यूरो Updated Sun, 07 Oct 2012 01:08 AM IST
विज्ञापन
suspend kalmadi verma bhanot from IOA IOC Ethics Commission
इंटरनेशनल ओलंपिक कमेटी (आईओसी) ने 25 नवंबर को होने वाले इंडियन ओलंपिक एसोसिएशन (आईओए) के चुनाव में सुरेश कलमाडी की दावेदारी पर ब्रेक लगा दिया है। आईओसी के एथिक्स कमीशन ने साफ कर दिया है कि जब तक कलमाडी और उनकी टीम के सदस्य ललित भनोट व वीके वर्मा अदालत की ओर से आरोप मुक्त नहीं हो जाते हैं, तब तक न तो उन्हें आईओए में किसी पद पर रहना चाहिए और न ही आने वाले चुनाव में खड़ा होना चाहिए।
विज्ञापन


आईओए उपाध्यक्ष व कांग्रेस सांसद जगदीश टाइटलर ने 24 सितंबर को हुई बैठक में खुलेआम कलमाडी और भनोट के खिलाफ मोर्चा खोल दिया था। इसके बाद उन्होंने 28 सितंबर को आईओसी अध्यक्ष जैक्स रोगे को पत्र लिखकर आईओए के आने वाले चुनाव में इन तीनों की दावेदारी पर जवाब मांगा। आईओसी अध्यक्ष ने शुक्रवार को भेजे पत्र में टाइटलर को कहा है कि उनसे पहले क्लीन स्पोर्ट्स इंडिया की ओर से भी यह मामला उठाया गया है। उन्होंने इस मामले को आईओसी एथिक्स कमीशन के पास भेजा है।
विज्ञापन


कमीशन ने उन्हें चार अक्तूबर को अपनी राय भेजी है। जिसमें कहा गया है कि कमीशन इन तीनों के मामले में कोई सीधा निर्णय तो नहीं ले सकता है, लेकिन ओलंपिक चार्टर और ओलंपिक मूवमेंट को ध्यान में रखते हुए कमीशन यह राय देता है कि कलमाडी समेत तीनों को आईओए के सभी पदों से बर्खास्त किया जाना चाहिए। साथ ही आईओए के आगामी चुनाव में इन तीनों की दावेदारी किसी तरह संभव नहीं है।
विज्ञापन
विज्ञापन


टाइटलर की ओर से आईओसी के जवाब की जानकारी आईओए के कार्यकारी अध्यक्ष विजय कुमार मल्होत्रा को भी दे दी गई है। इससे पहले आईओसी यह भी साफ कर चुकी है कि 25 नवंबर को होने वाली चुनाव उनके व ओलंपिक काउंसिल ऑफ एशिया के ऑब्जर्वर की निगरानी में होंगे। ऐसा आईओए चुनाव के इतिहास में पहली बार होगा। हालांकि सीधे तौर पर कलमाडी की ओर से आईओए चुनाव में खड़े होने की बात अब तक सामने नहीं आई है। मगर उनकी ओर से दी जा रही पार्टियों से साफ है कि नामांकन से पहले वह कोई धमाका कर सकते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed