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'पवन' के झोंके से क्यों झुलस गए सुरेश कलमाड़ी

Sat, 22 Mar 2014 12:58 PM IST
Updated Sat, 22 Mar 2014 12:58 PM IST
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suresh kalmadi angry with congress and pavan bansal
कलमाड़ी का कहना है कि उन पर करप्शन के आरोपों के चलते उन्हें टिकट  नहीं दिया गया, ये तो समझ आता है। दूसरी तरफ पवन बंसल को दागदार होने के बावजूद टिकट क्यों दिया गया ये समझ नहीं आता। कलमाड़ी का कहना है कि उन्हें इस मामले में आलाकमान से शिकायत है कि एक आरोपी को टिकट दिया और दूसरे को नजरंदाज कर दिया।
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कई पार्टियां हैं लाइन में

suresh kalmadi angry with congress and pavan bansal
कलमाड़ी ने कहा है कि कांग्रेस ने भले ही उन्हें टिकट न दिया हो लेकिन कई अन्य पार्टियां उन्हें टिकट देने के लिए उनसे संपर्क कर रही है। यहां तक कि भाजपा ने तो पुणे सीट से अभी तक अपना प्रत्याशी तक घोषित नहीं किया है। हालांकि कलमाड़ी ने कहा कि वो कांग्रेस के वफादार हैं लेकिन पार्टी को भी उनकी निष्ठा के बारे में सोचना चाहि।
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सीट दिलाउंगा लेकिन शर्तों पर

suresh kalmadi angry with congress and pavan bansal
कांग्रेस जानती है कि पुणे की सीट पर कलमाड़ी का अच्छा खासा प्रभाव है। कलमाड़ी के सपोर्ट के ‌बगैर इस सीट पर कांग्रेस प्रत्याशी नहीं जीत पाएगा। लेकिन इस बार उनकी बजाय विश्वजीत कदम को टिकट दिया गया है। लेकिन साथ ही कलमाड़ी से कहा गया है कि वो कदम के लिए प्रचार करें। अब कलमाड़ी आलाकमान के कहने पर प्रचार करने को राजी तो हो गए हैं ले‌किन उन्होंने इसके लिए कुछ शर्तें रख दी है।
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ये है मेरी पहली शर्त

suresh kalmadi angry with congress and pavan bansal
कलमाड़ी की पहली शर्त ये है कि आलाकमान उनके निलंबन को वापस लेकर संगठन में उनकी वापसी सुनिश्चित करे। कलमाड़ी का कहना है कि आलाकमान को चाहिए क‌ि वफादार लोगों के पुनर्वास पर ध्यान दे। वो पार्टी छोड़कर नहीं जा रहे लेकिन उन्हें ऐसा आश्वासन चाहिए कि पार्टी में उनकी भूमिका सुरक्षित रहेगी।

राज्यसभा में जाना है

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दरअसल कलमाड़ी चाहते हैं कि आलाकमान उन्हें राज्यसभा भेज दे। कलमाड़ी का संकेत है कि उन्हें राज्यसभा के लिए मनोनीत करने की बात चले तो वो पुणे में विश्वजीत कदम के लिए चुनाव प्रचार करेंगे। कलमाड़ी ने कहा कि दूसरे लोगों की तरह वो टिकट न मिलने पर पार्टी नहीं छोड़ेंगे लेकिन अपनी पार्टी में उन्हें सम्मान वाली जगह मिलनी चाहिए।
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