सरकार सुनिश्चित करे 16 करोड़ भारतीय व्हाट्सएप के चंगुल में न फंसे- SC

ब्यूरो/ अमर उजाला, नई दिल्ली Updated Wed, 17 May 2017 05:39 AM IST
supreme court pass an order of whatsapp data sharing policy
सुप्रीम कोर्ट ने मैसेजिंग दिग्गज व्हाट्सएप को उसकी निजता नीति को लेकर कड़ी फटकार लगाई है। शीर्ष अदालत ने कहा कि उसके पास डाटा प्रोटेक्शन की अथॉरिटी है। न्यायमूर्ति दीपक मिश्रा की अध्यक्षता वाली पांच सदस्यीय संविधान पीठ ने व्हाट्सएप की वर्ष 2016 की लाइसेंस पॉलिसी के स्वरूप पर सवाल उठाया। पीठ ने कहा कि आखिर कंपनी भारतीय नागरिकों के मुफ्त संवाद करने के अधिकार को कम करके कैसे आंक सकती है।

पीठ ने व्हाट्सएप से कहा, ‘हमारे पास भारत में डाटा प्रोटेक्शन की अथॉरिटी है। आप अपनी नीति की भाषा बदलकर भारतीय कानून का उल्लंघन नहीं कर सकते। हम अपने नागरिकों के मुफ्त संवाद करने के अधिकार को संरक्षण प्रदान करेंगे।’ दरअसल, भारत में डाटा प्रोटेक्शन और निजता के अधिकार को लेकर कोई खास कानून नहीं है। 

पीठ ने यह भी कहा, ‘नागरिकों के अधिकारों की रक्षा करना हमारा संवैधानिक दायित्व है। हमारा मानना है कि कोई भी व्यक्ति यह नहीं चाहेगा कि उसका डाटा किसी और से साझा किया जाए।’ पीठ ने व्हाट्सएप से कहा कि आप भारत के डाटा प्रोटेक्शन का अलग पैमाना नहीं रख सकते।
 
आगे पढ़ें

व्हाट्सएप की ओर से शपथपत्र पेश

Spotlight

Most Read

India News Archives

पहली बार बांग्लादेश की धरती से विद्रोहियों के ठिकाने पूरी तरह से साफ: BSF

भारत की पूर्वी सीमा पर दशकों से चले आ रहे सीमा पार विद्रोही शिविरों को लेकर एक अहम जानकारी आई है।

18 दिसंबर 2017

Related Videos

बागपत के स्कूल में गैस लीक, 25 बच्चों की तबीयत बिगड़ी

बागपत में गांव छपरौली के एक प्राथमिक स्कूल में गैस सिलेंडर लीक होने का एक मामला सामने आया है। जानकारी के मुताबिक मिड डे मील के लिए आया सिलेंडर लीक हो रहा था, गैस लीकेज इतनी ज्यादा थी कि बच्चों की तबीयत बिगड़ने लगी।

6 मई 2017

आज का मुद्दा
View more polls
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper