फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   News Archives ›   India News Archives ›   supreme court blow to government over aadhar card

आधार कार्ड पर सरकार को सुप्रीम कोर्ट का बड़ा झटका

Thu, 08 Oct 2015 09:22 AM IST
Updated Thu, 08 Oct 2015 09:22 AM IST
विज्ञापन
supreme court blow to government over aadhar card

केंद्र सरकार के डिजिटल इंडिया प्रोग्राम और बैंकिंग व टेलिकॉम सेवाओं को आधार से जोड़ने की महत्वकांक्षी योजनाओं को बुधवार को धक्का लगा है। सुप्रीम कोर्ट ने अपने उस आदेश में फेरबदल करने से इनकार किया है जिसमें आधार को एलपीजी सब्सिडी और जन वितरण प्रणाली तक ही सीमित रखा था।

विज्ञापन


न्यायमूर्ति जे चेलमेश्वर की अध्यक्षता वाली तीन सदस्यीय पीठ ने अपने 11 अगस्त के आदेश में बदलाव करने से इनकार करते हुए कहा कि जब तक आधार के लिए लोगों की निजी जानकारी जुटाने संबंधी निजता के अधिकार के मसले का निपटारा संवैधानिक पीठ द्वारा नहीं कर दिया जाता, तब तक उसका यह आदेश प्रभावी रहेगा।
विज्ञापन


पीठ ने रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया, यूआईडीआईए, सेबी सहित कई अन्य अथॉरिटी द्वारा दाखिल याचिकाओं को संवैधानिक पीठ के पास भेज दिया है। इन अथॉरिटी ने 11 अगस्त के आदेश में फेरबदल करने की गुहार की थी। इस सभी याचिकाओं का निपटारा उस संवैधानिक पीठ के द्वारा किया जाएगा जिसे यह तय करना है कि निजता का अधिकार मूल अधिकार है या नहीं। हालांकि अब तक संवैधानिक पीठ का गठन नहीं हो सका है।

विज्ञापन
विज्ञापन

क्या है पूरा मामला?

supreme court blow to government over aadhar card

मालूम हो कि मंगलवार को केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट से कहा था कि भूखे गरीब लोगों को भोजन और आमदनी का अगर कोई जरिया मिल रहा है तो उन्हें निजता के अधिकार से मतलब नहीं है। चूंकि सरकारी सुविधाओं को लाभ उठाने के लिए ही लोग खुद आधार कार्ड बनवा रहे हैं ऐसे में सुप्रीम कोर्ट को बीच में नहीं आना चाहिए।

अटॉर्नी जनरल मुकुल रोहतगी ने कहा था कि आधार कार्ड बनाना लोगों की स्वेच्छा पर निर्भर है। उन्होंने कहा कि क्या अदालत 100 करोड़ लोगों के लिए बोल सकती है। अगर किसी व्यक्ति को आधार के इस्तेमाल में परेशानी दिखती है तो वह इसका इस्तेमाल न करें।

दिहाड़ी पर काम करने वाला व्यक्ति या जिसे खाने के लिए भोजन नहीं है, आधार कार्ड ऐसे व्यक्ति के लिए जरूरत है। उन्होंने अदालत से कहा था कि उसे देश के करोड़ों लोगों के बारे में सोचना चाहिए न कि उन चंद लोगों की जो निजता के अधिकार की बात कर रहे हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed