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'रुपये की कीमत के लिए दामाद-पुत्र दोषी'

Sat, 21 Sep 2013 08:54 PM IST
अमर उजाला, दिल्ली
अमर उजाला, दिल्ली Updated Sat, 21 Sep 2013 08:54 PM IST
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भाजपा में शामिल होने के बाद पूर्व केंद्रीय मंत्री सुब्रह्मण्यम स्वामी ने कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी के दामाद राबर्ट वाड्रा और केंद्रीय वित्त मंत्री पी.चिदंबरम के बेटे कार्तिक चिदंबरम पर निशाना साधा है।

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स्वामी ने आरोप लगाया है कि डॉलर के मुकाबले रुपये की लगातार गिरती कीमत के लिए ये दोनों ‘दामाद-पुत्र’ भी जिम्मेदार हैं। उन्होंने कहा कि ये दोनों डॉलर की शॉर्ट सेलिंग-वायदा करोबार कर के मुनाफा कमा रहे हैं।
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स्वामी ने वाड्रा और कार्तिक को निशाने पर लेते हुए कहा कि वे समय आने पर उनके खिलाफ सबूत भी पेश कर देंगे। उन्होंने कहा कि एक सिंगापुर और दूसरा दुबई से डॉलर का हवाला करोबार करके पैसा कमाने में जुटे हैं।
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वे सस्ते में डॉलर खरीदते हैं और फिर रुपये के दाम गिरने पर बेच देते हैं। यह धंधा इसलिए चल रहा है, क्योंकि उन्हें मालूम है कि केंद्र में बैठी सरकार इस मामले की अर्थ नीति नहीं बदलेगी।

स्वामी ने कहा कि सरकार यदि समय पर 20 बिलियन डॉलर फॉरेन एक्सचेंज में डाल देती तो आज डॉलर की कीमत लगभग 50 रुपये होती। उन्होंने कहा कि डॉलर की कीमत को 10 रुपये तक लाने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि यदि उन्हें 10 साल का समय दे दिया जाए तो वे ऐसा कर सकते हैं।

भाजपा में शामिल होने के बाद स्वामी ने शनिवार को पहली बार प्रेस कांफ्रेंस किया। उन्होंने कहा कि देश की बदहाल अर्थव्यवस्था को सुधारने के लिए ठोस उपाय नहीं किए गए तो 2014 तक यह ध्वस्त हो जाएगी।


अपना आर्थिक रोडमैप पेश करते हुए स्वामी ने कहा कि देश से आयकर समाप्त करने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि चीन में इनकम टैक्स नहीं है।

स्वामी ने कहा कि यह उनकी निजी राय है और अब वे कोशिश करेंगे कि भाजपा इस मांग को मान ले। स्वामी ने कहा कि पैसे वाले लोगों के पास सीए होते हैं इसलिए वे टैक्स से बच जाते हैं, जबकि मध्यम वर्ग इससे पिस रहा है।

आयकर से सरकार को मात्र दो लाख करोड़ रुपये मिलते हैं, जबकि इतनी राशि पाने के लिए अन्य तरीके तलाशे जा सकते हैं।

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