अमिताभ को ब्रांड एंबेसडर बनाने पर विवाद
महाराष्ट्र सरकार की ओर से अमिताभ बच्चन को फलों और सब्जियों का ब्रांड एंबेसडर बनाए जाने पर विवाद खड़ा हो गया है। इस मसले पर राजनीतिक दलों ने सरकार और अमिताभ बच्चन पर तीखे हमले शुरू कर दिए हैं।
समाजवादी पार्टी की महाराष्ट्र इकाई के नेता अबु आजमी ने सरकार के फैसले की आलोचना करते हुए इसके विरोध की चेतावनी दी। आजमी ने कहा कि बच्चन एक कारोबारी हैं इसलिए उन्हें महाराष्ट्र का एबेंसडर नहीं बनाना चाहिए।
वहीं शिवसेना के विधायक प्रताप सरनायक ने महाराष्ट्र के हॉर्टिकल्चर मंत्री जितेंद्र आव्हाड पर निशाना साधते हुए कहा कि वे अपने निजी स्वार्थ के लिए ये सब कर रहे हैं।
बिग बी ने खुद की ट्वीट कर बताया
इससे पहले अमिताभ बच्चन ने खुद ट्वीट कर इस बात की पुष्टि की थी कि वे अब महाराष्ट्र के फलों और सब्जियों की ब्रांडिंग करने जा रहे हैं।
उन्होंने लिखा है कि मैं महाराष्ट्र में फलों के उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए ब्रांड एंबेसडर बनने को तैयार हूं। उनके ट्वीट के बाद महाराष्ट्र के कैबिनेट मंत्री और एनसीपी के प्रदेश कार्याध्यक्ष जितेंद्र आव्हाड ने भी श्रेय लूटने की कोशिश की।
उन्होंने कहा कि फलों के उत्पादन की ब्रांडिंग के लिए हमारी अमिताभ बच्चन से बात हो चुकी है।
गुजरात कनेक्शन पर साधा जाता था निशाना
अमिताभ बच्चन पहले गुजरात टूरिज्म के ब्रांड एंबेसडर थे तो उन्हें गुजरात के तत्कालीन मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी का ब्रांड एंबेसडर कहकर निशाना बनाया जाता था। अब स्थिति बदल गई है। महाराष्ट्र की कांग्रेसनीत सरकार को अमिताभ बच्चन को ब्रांड एंबेसडर बनाने से परहेज नहीं है।
पहले बच्चन परिवार के साथ विवाद और उसके बाद उनके साथ मंच साझा करने वाले महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) के अध्यक्ष राज ठाकरे ने कहा था कि अमिताभ बच्चन को महाराष्ट्र की धरती ने हीरो बनाया है। इसलिए वे हमेशा महाराष्ट्र के ब्रांड एंबेसडर थे और रहेंगे।
चर्चा है कि राज ठाकरे के इस बयान के बाद से अमिताभ बच्चन भी महाराष्ट्र की ब्रांडिंग के लिए उत्सुक थे। महाराष्ट्र में फलों में आम, अंगूर, अनार, चीकू और सब्जियों में प्याज व टमाटर का बड़े पैमाने पर उत्पादन होता है। इसकी ब्रांडिंग से निश्चित तौर पर महाराष्ट्र के किसानों का भला होगा।