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विपक्ष बोला अब होगी आर-पार की लड़ाई

Tue, 17 Mar 2015 08:19 PM IST
Updated Tue, 17 Mar 2015 08:19 PM IST
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Sonia lead march against Land bill issue.

भूमि अधिग्रहण बिल को नाक का सवाल बना चुके विपक्ष ने अब मोदी सरकार के खिलाफ आरपार की लड़ाई का ऐलान कर दिया है। सरकार के खिलाफ मोर्चे की जिम्मेदारी खुद कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने संभाल ली है।

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मंगलवार शाम बिल के खिलाफ विपक्ष को एकजुट करते हुए कांग्रेस सहित तमाम विपक्षी दलों ने संसद से राष्ट्रपति भवन तक मार्च निकाला। सोनिया गांधी के नेतृत्व में निकाले गए मार्च में जेडीयू, सपा, तृणमूल, आरजेडी, इनैलो सहित विपक्षी दलों के सौ से ज्यादा सांसद शामिल रहे। राष्ट्रपति भवन पहुंचने के बाद 28 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल ने कांग्रेस अध्यक्षा के नेतृत्व में राष्ट्रपति से मुलाकात कर बिल पर अपनी आपत्तियां जाहिर कीं।
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राष्ट्रपति से मिलने के बाद बाहर आईं सोनिया गांधी ने कहा कि हमने राष्ट्रपति को भूमि अधिग्रहण बिल पर अपना ज्ञापन सौंप दिया है। आज हम सभी एक साथ इसलिए आए हैं क्योंकि किसान को उसका हक मिल सके। उन्होंने कहा कि सभी सेक्युलर, लोकतांत्रिक लोग हमारे साथ हैं।
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हम सब मिलकर मोदी सरकार को जवाब देंगे। सामाजिक सद्भाव को बिगड़ने नहीं दिया जाएगा। हमने राष्ट्रपति से अनुरोध किया है कि किसानों के हित के लिए इस अध्यादेश में वह हस्तक्षेप करें।

जदयू अध्यक्ष शरद यादव ने कहा कि यह लड़ाई गांवों, कस्बों और बाजारों तक में फैलाएंगे। आज इस लड़ाई की शुरूआत हो चुकी है। अब ये लड़ाई आर-पार होगी।

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Sonia lead march against Land bill issue.

भूमि अधिग्रहण बिल विपक्ष का मार्च शाम पांच बजे के बाद शुरू हुआ। जिसमें कांग्रेस अध्यक्षा सोनिया गांधी के नेतृत्व में कांग्रेस के सभी सांसदों के अलावा अन्य दलों के सांसद भी बिल के खिलाफ मार्च में शामिल रहे।

मुख्य रूप से सीपीआई, जदयू, तृणमूल कांग्रेस समेत दूसरे दलों ने भी मार्च में शिरकत की। भूमि अधिग्रहण बिल के खिलाफ अपनी असहमति से विपक्षी दलों ने राष्ट्रपति के सामने अपनी बात रखी। इससे पहले राज्यसभा में इस बात को लेकर हंगामा मच चुका था।

शुरूआत में यह बात भी सामने आ रही थी कि पुलिस ने इस मार्च को किए जाने की इजाजत नहीं दी है। बात में इस मार्च को दिल्‍ली पुलिस ने अपनी इजाजत दे दी थी।

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