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ललित मोदी से मुलाकात पर शिवसेना ने किया मारिया का बचाव

Wed, 24 Jun 2015 11:19 PM IST
Updated Wed, 24 Jun 2015 11:19 PM IST
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siv sena In defense of Maria

पूर्व आईपीएल कमिश्नर ललित मोदी से लंदन में मुलाकात कर विवादों में घिरे मुंबई पुलिस कमिश्नर राकेश मारिया को शिवसेना का सहारा मिल गया है। बुधवार को शिवसेना ने मारिया का खुलकर बचाव करते हुए कहा कि इस मुलाकात पर बरपा हंगामा राई का पहाड़ बनाने जैसा है। मारिया का रिकॉर्ड बहुत अच्छा रहा है, ऐसे में दो-तीन तस्वीरों को लेकर उन पर उंगली उठाना उचित नहीं है।

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शिवसेना ने मुखपत्र ‘सामना’ में लिखा है कि विदेश मंत्री सुषमा स्वराज और राजस्थान की मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे सिंधिया के बाद राकेश मारिया को लपेटे में लेकर बकवास शुरू कर दी गई है। देश के चोटी के नेताओं के साथ ललित मोदी की कई तस्वीरें प्रकाशित हुई हैं, तो अब क्या उन सारे नेताओं के खिलाफ कार्रवाई होगी।
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संपादकीय में मारिया का विरोध करने वालों को आड़े हाथ लेते हुए शिवसेना ने कहा है कि मोदी ने आईपीएल में जितनी करामात की है, उस पर विवाद स्वाभाविक है, लेकिन लंदन में मोदी को बेड़ियों में बांधकर मुंबई लाने का अधिकार मुंबई पुलिस आयुक्त के पास नहीं है।
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मारिया जब मोदी से मिले तो उन्हें मुंबई आकर कानूनी कार्रवाई का सामना करने की सलाह दी। इसके बाद मुंबई लौटने पर मारिया ने तत्कालीन गृहमंत्री को आरआर पाटिल को मुलाकात का ब्यौरा दिया। एक सरकारी अधिकारी इससे ज्यादा और क्या कर सकता है।

पृथ्वीराज चव्हाण की खिंचाई

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मोदी-मारिया मुलाकात में शिवसेना ने पूर्व मुख्यमंत्री पृथ्वीराज चव्हाण की भी खिंचाई की है। शिवसेना ने कहा कि अब पूर्व हो चुके मुख्यमंत्री पृथ्वीराज चव्हाण ने बहुत दिनों बाद अपना मुंह खोला है।

चव्हाण का कहना है कि मोदी-मारिया मुलाकात की उन्हें कोई जानकारी नहीं है। इसके प्रत्युत्तर में शिवसेना ने लिखा है कि चव्हाण के किसी बयान का न तब कोई प्रभाव था और न ही अब कुछ मायने हैं।

बुनियादी बात तो यह है कि उनके कार्यकाल में मंत्रालय में सीधे कांग्रेस-एनसीपी की दो सरकारें थी। इसके चलते अधिकारियों को बीच में झूलना पड़ रहा था।

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