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दिल्ली में पढ़कर लीजिए सिंगापुर की डिग्री
नई दिल्ली/ब्यूरो
Updated Thu, 25 Apr 2013 09:14 PM IST
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दिल्ली और सिंगापुर सरकार के संयुक्त विश्वस्तरीय दक्षता केंद्र की शुरुआत अगस्त में हो जाएगी।
अस्थायी कैंपस विवेक विहार आईटीआई में बनाया जा रहा है, जिसमें होस्पीटेलिटी और रिटेल मर्चंटाईजिंग कोर्स से सत्र की शुरुआत की जाएगी।
पहले सत्र में 640 युवाओं को दाखिला दिया जाएगा जो 12वीं पास होंगे। जो कोर्स पास करेंगे उन्हें सिंगापुर सरकार के इन्सटीट्यूट ऑफ टेकनीकल एजुकेशन और दिल्ली टेक्निकल एजुकेशन की संयुक्त डिग्री या सर्टिफिकेट मिलेगा।
उच्च शिक्षा, प्रशिक्षण एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री, डॉ. अशोक कुमार वालिया ने बताया कि पिछले साल सिंगापुर सरकार और भारत सरकार के बीच इस केंद्र की स्थापना के लिए समझौता हुआ था। कोर्स में दाखिला देने की प्रक्रिया, पात्रता शर्तों को अंतिम रूप दिया जा रहा है।
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दिल्ली के इस कौशल केंद्र की स्थापना सिंगापुर सरकार के इन्सटीट्यूट ऑफ टेकनीकल एजुकेशन के सहयोग से किया जा रहा है। सिंगापुर आये शिष्ट मंडल को यह जानकारी दी गई।
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शिष्ट मंडल में सिंगापुर के उप-उच्चायुक्त, शिक्षा मंत्रालय तथा सिंगापुर एजुकेशन सर्विस के इन्सटीट्यूट ऑफ टेकनीकल एजुकेशन के प्रमुख अधिकारी थे। दिल्ली सरकार के उच्च शिक्षा सचिव राजेन्द्र कुमार तथा अन्य वरिष्ठ अधिकारी चर्चा में शामिल थे।
वालिया ने बताया कि दोनो देश विश्वस्तरीय दक्षता केंद्र स्थापित करने के लिए मिल-जुल कर कार्य कर रहे हैं। उद्योग धंधों की उच्च दक्षता प्राप्त कर्मियों की आवश्यकताओं को पूरा किया जा सकेगा। जौनापुर में दक्षता केंद्र 37 एकड़ में बिल्ड, ऑपरेट एवं ट्रांसफर के आधार स्थापित किया जा रहा है।
कौन-कौन से कोर्स कराए जाएंगे
मंत्री ने बताया कि जुलाई, 2015 तक भवन बनकर तैयार हो जाएगा। यहां होस्पिटेलिटी टूरिज्म, हैल्थ केयर, ऑटो-मोबाइल, आईटी तथा आईटी इनऐबलड सर्विसिज, एकाउंटिग, बैंकिंग, इलेक्ट्रोनिक्स तथा फूड प्रोससिंग क्षेत्रों के पाठ्यक्रम और प्रशिक्षण प्रारम्भ किए जाएंगे।