मोदी और शाह का इशारा तय करेगा शीला का भविष्य
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने केरल की राज्यपाल शीला दीक्षित को आश्वस्त किया है कि उनपर डाला जाएगा।
लेकिन यह हालात तब तक ही रहेंगे जबतक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भाजपा के दूसरे हाईकमान अमित शाह का इस बावत कोई आदेश नहीं आ जाता। सोमवार को शीला ने राजनाथ सिंह और राष्ट्रपति प्रणव मुखर्जी से मुलाकात की।
गृहमंत्रालय के उच्चपदस्थ सूत्रों ने बताया कि राज्यपालों के इस्तीफे के मसले पर उत्तराखंड के पूर्व राज्यपाल अजीज कुरैशी का सुप्रीम कोर्ट जाना और महाराष्ट्र के राज्यपाल के शंकर नारायणन के कड़े तेवरे के साथ दिए गए इस्तीफे के बाद सरकार इस मामले में कोई जल्दीबाजी नहीं करना चाह रही।
फिलहाल ज्यादा दबाव नहीं डाला जाएगा
सूत्रों ने बताया कि मुलाकात में शीला ने राजनाथ से गुजारिश की है कि उन्हें केरल के राज्यपाल के पद पर बने रहने दिया जाए।
सूत्रों के मुताबिक दस जनपथ की नजदीकी माने जाने वाली शीला को यह आभास है कि राज्यपाल के इस्तीफे के मामले में सरकार की हो रही फजीहत के बीच उनपर फिलहाल ज्यादा दबाव नहीं डाला जाएगा।
यही वजह है कि राजनाथ शीला का तबादला दूसरे राज्य में भी करने के पक्ष में नहीं हैं। लेकिन सूत्र ने यह भी साफ कर दिया है कि अगर मोदी या शाह का फरमान आ जाता है तो शीला को राजनाथ ज्यादा समय तक नहीं बचा पाएंगे।
शीला ने इन मुलाकातों के बाद इस्तीफे की संभावना से इनकार करते हुए कहा कि वह जब भी दिल्ली आती हैं प्रणव मुखर्जी से मुलाकात करती हैं। राजनाथ के साथ भी उनकी मुलाकात तकनीकी वजहों से हुई हैं।