ढूंढ़ निकाली तकनीक, अब मौत से पहले मिलेगी 'मौत की खबर'
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अब वह दिन दूर नहीं, जब जांच करके आपकी मौत की खबर आपको पहले ही मिल जाएगी। दरअसल, वैज्ञानिकों ने ऐसी तरकीब विकसित की है, जिससे मौत की सटीक भविष्यवाणी करने में मदद मिल सकती है। वैज्ञानिकों का कहना है कि इस जांच के जरिए पता लगाया जा सकेगा कि आपका शरीर कितनी तेजी से बूढ़ा हो रहा है।
जीनोम बायोलॉजी जर्नल में प्रकाशित शोध के मुताबिक इस जांच से बीमारी की चपेट में आने के खतरे और दवा के असर के बावजूद भी मौत की भविष्यवाणी करने में मदद मिल सकेगी। हालांकि इसमें शरीर को बूढ़े होने से रोकने का तरीका नहीं बताया गया है।
किंग्स कॉलेज लंदन के शोधकर्ताओं का कहना है कि इसके तहत 150 जीनों की प्रतिक्रिया की तुलना के जरिए शरीर की कोशिकाओं के बूढ़े होने की जांच की जाएगी। इसके बाद उम्र और दिमाग के सोचने समझने की क्षमता में कमी का पता लगाया जा सकेगा।
स्वास्थ्य और उम्र में क्या है अंतर?
वैज्ञानिकों के मुताबिक स्वास्थ्य और उम्र दोनों अलग-अलग चीजें हैं। अगर आप ज्यादा समय बिस्तर पर लेटे रहते हो, तो आपका स्वास्थ्य जरूर खराब होता है, लेकिन आप बूढ़े नहीं होते हैं। हालांकि आपकी उम्र और जीवनशैली आपके स्वास्थ्य की सही तस्वीर जरूर दर्शाती है।
इसके तहत वैज्ञानिक ब्रिटेन में अंग प्रत्यारोपण के लिए पायलट परीक्षण की भी योजना बना रहे हैं। उनका मानना है कि लोग तकनीकी रूप से बूढ़े जरूर हो जाते हैं, लेकिन बायोलॉजिक उम्र काफी कम होती है। यानी जैविक रूप से वे युवा होते हैं। ऐसे में उनके अंगों का किसी दूसरे व्यक्ति में सुरक्षित प्रत्यारोपण किया जा सकेगा।
इस जांच से दिमाग से संबंधित अल्जाइमर जैसी बीमारियों के विकसित होने का पहले से ही पता लगाया जा सकेगा। इससे बीमारी होने से पहले ही रोकथाम करने में मदद मिलेगी।