नासिक कुंभ से पहले प्लॉट को लेकर भिड़े साधु, कई जख्मी
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नासिक सिंहस्थ कुंभ शुरू होने से पहले ही साधुओं में घमासान छिड़ गया है। नासिक के तपोवन में बने साधु ग्राम के बगल के प्लाट को लेकर साधु-महंत आपस में ही भिड़ गए। इस झड़प में कई साधु जख्मी हो गए हैं। बात थाने तक जा पहुंची।
उल्लेखनीय है कि नासिक नगर निगम ने 17 हेक्टेयर जमीन पर साधु ग्राम का निर्माण किया है। इसके पास स्थित लक्ष्मी नारायण ट्रस्ट के महंत रामसनेही दास ने बताया कि उन्होंने भी साधु ग्राम के लिए अपनी नौ एकड़ जमीन दी है, जबकि दो एकड़ जमीन अपनी शाखा के खालसों के लिए रिजर्व रखी है। रविवार को इस रिजर्व जमीन पर लगे टेंट पर दिगंबर अखाड़ा के भक्त चरणदास और महंत राजेंद्र दास ने कुछ साधुओं के साथ जबरन कब्जा करना चाहा।
आरोप है कि लक्ष्मी नारायण ट्रस्ट के साधुओं के विरोध करने पर वे मारपीट पर आमादा हो गए।
भक्त चरणदास-राजेंद्र दास के खिलाफ केस दर्ज
इस घटना के बाद महंत रामसनेही दास ने आडगांव पुलिस थाने में भक्त चरणदास और राजेंद्र दास के खिलाफ जमीन हड़पने का मामला दर्ज कराया। एफआईआर दर्ज होने के बाद दोनों अखाड़ों के बीच स्थिति तनावपूर्ण बन गई है।
लक्ष्मी नारायण मंदिर ट्रस्ट अयोध्या के मणिराम छावनी की एक शाखा है, जिसके प्रमुख महंत रामजन्मभूमि न्यास के अध्यक्ष नृत्य गोपाल दास जी हैं। नासिक प्रशासन फिलहाल खुद ही प्लाट वितरित कर रहा है।
6 अगस्त से यह जिम्मेदारी अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के महंत ज्ञानदास महाराज को सौंप दी जाएगी।