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सुपर स्पेशियलिटी क्षेत्र में भी लागू होगा आरक्षण

Thu, 20 Feb 2014 01:02 AM IST
Updated Thu, 20 Feb 2014 01:02 AM IST
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reservation issue generates heat in lok sabha

सरकार ने सुपर स्पेशियलिटी क्षेत्र में आरक्षण व्यवस्था लागू करने का आश्वासन देते हुए कहा है कि उसका आरक्षण खत्म करने का कोई इरादा नहीं है।

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सरकार ने लोकसभा में यह आश्वासन तब दिया जब जदयू, सपा सहित कई अन्य दलों के लोगों ने इससे संबंधित सुप्रीम कोर्ट के फैसले को पलटने के लिए संविधान संशोधन न करने पर जमकर हंगामा किया।
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इन दलों ने सरकार पर एससी, एसटी और पिछड़े वर्ग के साथ साजिश करने का आरोप लगाया। इस दौरान कांग्रेस के भी कई सदस्यों ने तत्काल संविधान संशोधन की मांग की।
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उल्लेखनीय है कि सुपर स्पेशियलिटी क्षेत्र में आरक्षण पर सुप्रीम कोर्ट की रोक और पुनर्विचार याचिका पर फैसला सरकार पर छोड़ने के बाद विभिन्न दल लंबे समय से संविधान संशोधन की मांग कर रहे हैं।

चुनाव में कांग्रेस को खामियाजा भुगतने की चेतावनी

reservation issue generates heat in lok sabha

शून्यकाल के दौरान जदयू के शरद यादव ने इस मुद्दे को उठाते हुए कहा कि सरकार आरक्षण के मामले में शोषित वर्ग के खिलाफ साजिश रच रही है।

उन्होंने सवाल किया कि जब सर्वदलीय बैठक और सदन में सरकार ने सुप्रीम कोर्ट के फैसले को पलटने के लिए संविधान संशोधन के लिए हामी भरी थी, तो इससे क्यों पलट रही है।

सपा प्रमुख मुलायम सिंह यादव ने भी इस मुद्दे पर सरकार को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि सरकार आरक्षण व्यवस्था को खत्म करने की साजिश रच रही है। उन्होंने लोकसभा चुनाव में कांग्रेस को इसका खामियाजा भुगतने की चेतावनी दी।

तीन मंत्रियों को देनी पड़ी सफाई

reservation issue generates heat in lok sabha

बसपा के नेता दारा सिंह चौहान ने कहा कि उनकी पार्टी लगातार पिछले कई सत्रों से संविधान संशोधन बिल लाने की मांग कर रही है मगर कांग्रेस इसकी अनदेखी कर रही है। इस दौरान कांग्रेस के पीएल पूनिया सहित कई अन्य सदस्यों ने भी तत्काल संविधान संशोधन की मांग की।

इस मुद्दे पर सदन में तीन मंत्रियों ने अलग-अलग सफाई दी। पहले संसदीय कार्यमंत्री ने सत्र के लिए बेहद कम समय होने की दलील देते हुए कहा कि सर्वसम्मति बनने पर सरकार सत्र का समय बढ़ाने के लिए तैयार है।

इसके बाद कानून मंत्री कपिल सिब्बल ने सदन में कहा कि सरकार सुपर स्पेशियलिटी क्षेत्र में आरक्षण खत्म करने के खिलाफ है।

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