रेपिस्ट पति के लिए महिला ने बेच दिए अपने बैल
हमेशा कहा जाता है कि माफ करने वाला अपराध करने वाले से बड़ा होता है। एक औरत का दिल कितना बड़ा हो सकता है इसका अंदाजा शायद आपको ये खबर पढ़ने के बाद हो जाए।
उस महिला ने अपने पति को जेल से बाहर लाने के लिए अपने बैलों का जोड़ा बेच दिया। उस पति को जिसने अपने 10 दोस्तों के साथ मिल कर उसके साथ सामूहिक बलात्कार किया था।
बात यहीं खत्म हो जाती तो गनीमत थी। उसके पति ने बच्चों के साथ उसे पेशाब पीने को मजबूर किया और उसे बिना कपड़ों के गांव में घुमाया। इस सबके बावजूद महिला ने उसे जेल से बाहर निकाला।
उसने ऐसा क्यों किया इसके पीछे भी एक कहानी है जो हम आपको अगली स्लाइड में बताएंगे।
पति को बाहर निकाला जेल से
अंग्रेजी अखबार TOI में छपी खबर के मुताबिक 30 साल की इस महिला ने अपने बच्चों की खातिर पति को जेल से बाहर लाने का फैसला किया। चार महीने से उसका पति जेल में था और बच्चे अपने पिता के बारे में पूछते थे।
महिला ने पति की जमानत के लिए हाइकोर्ट की शरण ली और पारिवारिक कारणों का हवाला दिया जिसके बाद कोर्ट ने उसके पति को जमानत दे दी।
जून 2014 में खंडवा के भिलाईखेड़ा गांव की इस आदिवासी महिला के साथ 10 लोगों ने सामूहिक बलात्कार किया जिनमें उसका पति भी शामिल था। महिला को निर्वस्त्र घुमाया गया और बेटे के सामने पेशाब पीने को मजबूर किया गया।
महिला ने खंडवा के पिपलोद थाने में मामला दर्ज कराया था जिसके बाद सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया था। देश-विदेश में इस खबर ने काफी सुर्खियां बटोरी थीं।