फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   News Archives ›   India News Archives ›   railways food and water are not absolutely pure

रेलवे ने भी माना, खाना-पानी पूर्णतया शुद्ध नहीं

Thu, 21 Feb 2013 10:40 AM IST
हाथरस/ब्यूरो
हाथरस/ब्यूरो Updated Thu, 21 Feb 2013 10:40 AM IST
विज्ञापन
railways food and water are not absolutely pure
उत्तर रेलवे का खान-पान और पानी पूर्णतया शुद्ध नहीं है। खुद रेलवे ने आरटीआई के तहत मांगी सूचना में यह कबूल किया है। आरटीआई एक्टिविस्ट गौरव अग्रवाल ने उत्तर रेलवे से यह सूचना मांगी कि उनके यहां नई दिल्ली, हजरत निजामुद्दीन और गाजियाबाद रेलवे स्टेशनों पर पिछले पांच साल में खान-पान के सामान के अलावा पानी के कितने नमूने लिए गए और उनमें कितने पास व कितने फेल हुए।
विज्ञापन


इस सवाल पर वहां से चीफ मेडिकल डायरेक्टर ने अग्रवाल को सूचना दी है। इसके मुताबिक इन स्टेशनों पर पिछले पांच साल में पीने के पानी (पैक्ड) के 1218 नमूने लिए गए। इनमें एक नमूना फेल हुआ, जबकि अन्य सभी पास रहे। खाने-पीने के सामान के 4908 नमूने लिए गए, इसमें 4796 नमूने पास आए और 112 नमूने फेल आए।
विज्ञापन


अग्रवाल को रेल मंत्रालय ने यह भी बताया कि बिजली से चलने वाली पूरी देश की ट्रेनों पर रोजाना 14,157.87 मिलियन किलोवाट प्रति घंटे बिजली फुंकती है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed