जानिए उन्हें, जिन्होंने सलमान को सुनाई सजा
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मुंबई सत्र न्यायालय के न्यायाधीश डी डब्ल्यू देशपांडे ने सलमान ख़ान को साल 2002 के हिट एंड रन मामले में पांच साल का सश्रम कारावास की सज़ा सुनाई। पिछले 13 सालों में कई मोड़ से गुज़रने वाले इस हाई प्रोफाइल मामले की बुधवार को मुंबई सत्र न्यायालय में अंतिम सुनवाई हुई। विदर्भ के नागपुर शहर के मूल निवासी डी डब्ल्यू देशपांडे की मुंबई सत्र न्यायलय में 2012 में नियुक्ति हुई थी।
वो साल 2014 से सीबीआई के विशेष न्यायधीश के तौर पर काम देख रहे हैं। मुंबई सत्र न्यायालय में नियुक्ति से पहले जस्टिस देशपांडे दादर न्यायालय में अतिरिक्त मजिस्ट्रेट के तौर पर कार्यरत थे। मुंबई तबादला होने से पहले, वो अलीबाग में ज़िला न्यायाधीश के पद पर थे।
पहला मामला जो उन्हें सुर्खियों में लाया
दिसंबर 2013 से सलमान ख़ान हिट एंड रन मामले की सुनवाई मुंबई सत्र न्यायालय में जस्टिस डी डब्ल्यू देशपांडे की अदालत में चल रही थी। इस मामले की सुनवाई के दौरान उनका तबादला सतारा हो गया था। मुंबई उच्च न्यायालय के रजिस्ट्रार ने इसकी पुष्टि की है। लेकिन इस ट्रांसफर के बावजूद न्यायिक प्रक्रिया के अनुसार वह इस मामले का फैसला सुनाने से पहले तबादले की जगह नहीं जा सकते थे।
हालांकि साल 2014 से न्यायधीश देशपांडे सीबीआई के विशेष न्यायधीश के तौर पर कार्यरत है लेकिन वह हमेशा लो प्रोफाइल ही रहे हैं। सीबीआई में भी उनके सामने कोई बड़ा मामला सुनवाई के लिए नहीं आया। न्यायधीश देशपांडे के करियर का यह पहला मामला था जो उन्हें सुर्खियों में ले आया।