आत्मनिर्भरता के लिए खुद बनाने होंगे हथियार: पीएम मोदी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को कर्नाटक के तुमाकुरू जिले के बिदेरहाला कावल में हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (एचएएल) की पांच हजार करोड़ रुपये की परियोजना का शिलान्यास किया।
इस मौके पर उन्होंने कहा कि यदि देश को सुरक्षा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनना है तो हमें सशस्त्र सेना की जरूरतों के अनुसार अपने हथियार बनाने होंगे। उन्होंने विश्वास जताया कि एचएएल अगले 15 सालों में 600 हेलीकॉप्टर का निर्माण करेगा।
लोगों को संबोधित करते हुए पीएम ने कहा कि भारतीय सेना देश के लिए कोई भी बलिदान देने को तैयार है। अब यह सुनिश्चित करने का समय आ गया है कि वह जो हथियार और उपकरण इस्तेमाल करते हैं, वे दुनिया में सबसे अच्छे हों।
मोदी ने आयातित हथियारों को बहुत महंगा बताते हुए कहा कि अपनी सेनाओं को हथियार देने के लिए हम बाहर से आयात करते हैं। देश इस पर करोड़ों रुपये खर्च कर रहा है और इसके बाद भी उसे तुलनात्मक रूप से नवीनतम तकनीक नहीं मिल रही है।
2018 में पहला हेलीकॉप्टर
इस परियोजना से जिले में बड़ी संख्या में निवेश आएगा और प्रत्यक्ष तथा
अप्रत्यक्ष तौर से 4000 नौकरियां उत्पन्न होंगी। इस परियोजना से जिले का
नाम दुनिया के नक्शे पर आ जाएगा।
वहीं एचएएल के चेयरमैन और प्रबंध
निदेशक सुवर्णा राजू ने कहा कि इस परियोजना से हेलीकॉप्टर सेगमेंट में देश
की उड्डयन क्षमता में तेजी आ जाएगी।
कर्नाटक सरकार ने इस परियोजना के लिए 610 एकड़ भूमि उपलब्ध कराई है। एचएएल एक बार प्लांट तैयार होने के बाद लाइट यूटिलिटी हेलीकॉप्टर के निर्माण की उम्मीद जता रहा है।
साथ ही यहां एडवांस लाइट हेलीकॉप्टर ध्रुव का भी निर्माण होगा। माना जा रहा है कि यूनिट में पहला हेलीकॉप्टर 2018 में तैयार हो जाएगा।