पीएम मोदी का जातिवादी राजनीति पर निशाना
राष्ट्रकवि रामधारी सिंह दिनकर की कालजयी कृतियों के पचास साल पूरे होने पर खास कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
भाजपा सांसद सीपी ठाकुर की ओर से दिल्ली के विज्ञान भवन में आयोजित खास कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शिरकत की। इस मौके पर पीएम मोदी ने देश की जातिगत राजनीति पर हमला बोला है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि बिहार को आगे बढ़ने, विकास का सपना दिनकर जी ने देखा था। इसे कोई माने या नहीं लेकिन वो उनकी बातों को मानते हैं। मोदी ने कहा कि अगर बिहार को मौका मिला तो वह जरूर आगे निकल जाएगा।
सीपी ठाकुर ने आयोजित किया कार्यक्रम
पीएम मोदी ने कहा कि दिनकर जी के किए कार्यों के 50 साल पूरे होना महज समय नहीं है बल्कि उनके कार्य उन्हें उत्साहित करते हैं।
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि भले ही आज हम उन्हें साहित्यकार की संज्ञा देते हैं लेकिन वो अपने समय के ऋषि हैं। जिन्होंने भविष्य की कल्पना की।
मोदी ने कहा कि दिनकर जी की कविताओं ने जेपी आंदोलन में बड़ा रोल अदा किया। उनकी कविताएं युवाओं और जेपी के बीच पुल का काम करती थी। ये कविताएं युवाओं में जोश भर देती थी।
राष्ट्रकवि रामधारी सिंह 'दिनकर' की कालजयी कृतियों 'संस्कृति के चार अध्याय' एवं 'परशुराम की प्रतिज्ञा' की स्वर्ण जयंती पर दिल्ली के विज्ञान भवन में आयोजित इस समारोह में प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि आज भी कई लोग हैं जो दिनकर की कविताओं को गाते हैं और उनके संदेश को लोगों तक पहुंचाना चाहते हैं। ऐसा करके उन्हें खुशी मिलती है।
दिनकर के बहाने भाजपा का 'सियासी दांव'
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विरोधियों पर निशाना साधते हुए कहा कि कुछ लोग उनकी जाति को भुनाने की कोशिश में उन्हें याद करते हैं, लेकिन दिनकर जी के विचार बिल्कुल अलग थे। हम उनके विचारों, उनके सपने को पूरा करने की कोशिश करेंगे।
हालांकि भले ही प्रधानमंत्री मोदी इस कार्यक्रम के जरिए दिनकर को याद करके जातिवाद पर सियासत करने वालों पर निशान साध रहे हैं।
लेकिन सवाल यही है कि बिहार चुनाव से ठीक पहले जो कार्यक्रम भाजपा सांसद सीपी ठाकुर ने आयोजित किया क्या ये सियासी दांव नहीं है। कहा तो यही जा रहा है कि बिहार चुनाव से पहले भूमिहार वोटरों को लुभाने के लिए ये कार्यक्रम आयोजित किया गया।