फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   News Archives ›   India News Archives ›   people becoming members of AAP with fake names

मोदी, राहुल और सोनिया AAP में शामिल!

Fri, 24 Jan 2014 03:13 PM IST
टीम डिजिटल/अमर उजाला, दिल्ली
टीम डिजिटल/अमर उजाला, दिल्ली Updated Fri, 24 Jan 2014 03:13 PM IST
विज्ञापन
people becoming members of AAP with fake names

दिल्ली विधानसभा चुनावों में धमाकेदार प्रदर्शन करने वाली आम आदमी पार्टी इन दिनों लोकसभा चुनावों की तैयारियों में जुटी है। अपनी कोशिश को बल देने के लिए नए साल के शुरुआती दिनों में अरविंद केजरीवाल की पार्टी ने सदस्य बनाओ अभियान भी छेड़ा।

विज्ञापन


आम आदमी पार्टी ने कहा था कि वह 26 जनवरी तक देश भर से एक करोड़ सदस्य जोड़ना चाहते थे। शुरुआत में इस अभियान में काफी रफ्तार दिखी। मोबाइल, इंटरनेट और व्यक्तिगत रूप से कई लोग पार्टी से जुड़े।
विज्ञापन


लेकिन इस बीच एक ऐसी खबर आई है, जिसके बारे में जानकर आम आदमी पार्टी यह नहीं तय कर पाएगी कि वह इस बात पर खुशी जताए या हैरान होकर सिर्फ सोचे कि ऐसा कैसे हो गया?
विज्ञापन
विज्ञापन

गांधी परिवार, एंजे‌लिना जोली AAP के साथ?

people becoming members of AAP with fake names

दरअसल, किस्सा यह है कि आम आदमी पार्टी से ऑनलाइन जुड़ने वाले हालिया नामों में राहुल गांधी, सोनिया गांधी, मोहनदास करमचंद गांधी और एंजेलिना जोली जैसे बड़े नाम जुड़ गए हैं।

लेकिन अरविंद केजरीवाल की अगुवाई वाला राजनीतिक दल इस बात पर जरा खुश नहीं है। न ही इसका उत्साह मनाया जा रहा है। पार्टी के मुताबिक य‌े फर्जी नाम हैं, जो पार्टी की साख में बट्टा लगाना चाहते हैं।

हालांकि, आम आदमी पार्टी के सूत्रों का कहना है कि यह इंटरनेट के जरिए होने वाला ऐसा नुकसान है, जिससे बचना आसान नहीं है। हाल में पार्टी ने ऐलान किया था कि उसके नए अभियान 'मैं भी आम आदमी' के तहत 50 लाख लोग जुड़े हैं।

गुनाह है फर्जी नाम का इस्तेमाल

people becoming members of AAP with fake names

आम आदमी पार्टी ने यह अभियान 10 जनवरी को शुरू किया था और 16 दिन में 1 करोड़ सदस्य बनाने का लक्ष्य रखा गया था। पार्टी जानती है कि फर्जी नाम से फॉर्म भरना गुनाह है, लेकिन इसके बावजूद ऐसा हुआ है।

पार्टी के आईटी एंड सोशल मीडिया एडमिनिस्ट्रेटर अंकित लाल ने कहा, "एक बार लोग अपना ऑनलाइन फॉर्म भर दें, उसके बाद अंत में घोषणा है, जिस पर उन्हें डिजिटली हस्ताक्षर करने होते हैं। इसका मतलब यह है कि दर्ज जानकारी सही होने की जिम्मेदारी उन पर है।"

लाल ने कहा, "लोग शायद यह बात नहीं समझते कि आईटी कानून के तहत यह अपराध है। लेकिन हां, हमें राहुल गांधी, नरेंद्र मोदी और जवाहरलाल नेहरू के नाम से सदस्यता वाले फॉर्म मिले हैं।"

फर्जी सदस्यों की तादाद कम

people becoming members of AAP with fake names

अरविंद केजरीवाल का दल जानता है कि जिन लोगों ने पार्टी की सदस्यता ली है, उनमें सभी असल नाम नहीं है। आम आदमी पार्टी के सूत्रों का कहना है कि 50 लाख सदस्यों में कुछ फीसदी निश्चित रूप से फर्जी होंगे।

एक सूत्र ने कहा, "जो डाटा हम जुटा रहे हैं, जैसे पता और फोन नंबर, उनकी जांच के लिए राज्य और जिला स्तर के दफ्तरों में भेजा जाएगा। यहां, हमारे वॉलेंटियर सदस्यों से संपर्क साधेंगे, ताकि उन्हें पार्टी के कामकाज में शामिल कर सकें।"

उन्होंने कहा, "इस तरह, फर्जी एंट्री अपने आप गायब हो जाएंगी। यह अंतिम फिल्ट्रेशन होगा। हालांकि, इस अभियान के जरिए जो सदस्य बनाए गए हैं, वे घर-घर जाकर बने नेटवर्क और स्पेशल कैंप के जरिए बने हैं।"

बराक ओबामा बने रहेंगे AAP के सदस्य?

people becoming members of AAP with fake names

आम आदमी पार्टी अपनी सफाई में कह रही है कि केवल 6.5 लाख लोग ही ऑनलाइन माध्यम से पार्टी के सदस्य बने हैं। उनका यह भी कहना है कि इनमें से कुछ असल हो सकते हैं और उनके नाम सोनिया गांधी या राहुल गांधी भी होना मुमकिन है।

सबसे दिलचस्प बात यह है कि फर्जी नामों का इस्तेमाल करते हुए जिन लोगों ने आम आदमी पार्टी से जुड़ने की कोशिश की, उनमें देसी नहीं, विदेशी नाम भी शामिल हैं।

इस बीच जब तक इस लिस्ट की कांट-छांट नहीं होती तब तक अमेरिका के राष्ट्रपति बराक ओबामा, पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी, भाजपा के पीएम पद के दावेदार नरेंद्र मोदी और गांधी परिवार आम आदमी पार्टी के सदस्य बने रहेंगे!

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed